आज लालू यादव के लिए अहम दिन, मिलेगी बेल या फिर जेल; जमानत पर होगा फैसला

 

Lalu Yadav Bail Hearing लालू को मिलेगी बेल या फिर जेल, जमानत पर फैसला आज। जागरण


रांची, राज्य ब्यूरो। 
 चारा घोटाला मामले में सजायाफ्ता राजद अध्‍यक्ष लालू प्रसाद यादव जेल में रहेंगे या जेल से बाहर आएंगे। यह कुछ देर बाद तय हो जाएगा। दरअसल, झारखंड हाई कोर्ट के जस्टिस अपरेश कुमार की अदालत में लालू प्रसाद यादव की जमानत पर आज सुनवाई होनी है। दुमका कोषागार से जुड़े इस मामले में अगर लालू प्रसाद यादव को हाईकोर्ट की ओर से जमानत दी जाती है तो वह जेल से बाहर आ जाएंगे। क्योंकि इससे पहले तीन अन्य मामलों में लालू प्रसाद यादव को जमानत मिल चुकी है।चारा घोटाला में सजा काट रहे लालू प्रसाद यादव की जमानत याचिका पर शुक्रवार यानी 29 जनवरी को सुनवाई निर्धारित हो गई है। इससे पहले लालू प्रसाद की ओर से अपनी कस्टडी की अवधि को लेकर एक रिपोर्ट अदालत में दाखिल की गई थी।

लालू जेल में रहेंगे या आएंगे बाहर, कोर्ट पर सबकी निगाहें

आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के अधिवक्ता देवर्षि मंडल का दावा है कि लालू प्रसाद यादव ने दुमका कोषागार वाले मामले में आधी सजा पूरी कर ली है और जैसा कि पहले भी हाईकोर्ट ने आधी सजा पूरी होने पर लालू प्रसाद सहित अन्य लोगों को जमानत की सुविधा प्रदान की है। ऐसे में उम्मीद यही है कि लालू प्रसाद यादव को भी जमानत मिल जाएगी।

बहरहाल सीबीआई की ओर से पिछली सुनवाई के दौरान यह कहा गया था कि लालू प्रसाद ने दुमका कोषागार वाले मामले में आधी सजा पूरी नहीं की है जिसके बाद लालू प्रसाद से कस्टडी की अवधि के सत्यापित प्रति जमा करने का निर्देश दिया था। पिछले दिनों ही लालू की ओर से कस्टडी की अवधि की एक रिपोर्ट अदालत में दाखिल कर दी गई है। ऐसे में अब सबकी निगाहें झारखंड हाईकोर्ट की ओर है कि क्या लालू प्रसाद यादव को अभी जमानत के लिए इंतजार करना होगा या फिर उन्हें जमानत मिल जाएगी।

बीमार चल रहे राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव के लिए आज अहम दिन

राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव के लिए आज अहम दिन है। लालू  जेल में रहेंगे या बाहर आएंगे, उनकी जमानत पर फैसला होगा। चारा घोटाला के चार मामलों में सजा काट रहे राजद प्रमुख लालू प्रसाद की जमानत याचिका पर झारखंड हाई कोर्ट में शुक्रवार को सुनवाई होगी। इससे पहले लालू प्रसाद की ओर से अपनी कस्टडी की अवधि को लेकर एक रिपोर्ट अदालत में दाखिल की गई थी। उसी दौरान जमानत पर जल्द सुनवाई के लिए अदालत से विशेष आग्रह किया गया था।

अदालत ने लालू प्रसाद के आग्रह को स्वीकार करते हुए उनकी जमानत पर सुनवाई की तिथि निर्धारित कर दी है। यह मामला जस्टिस अपरेश कुमार  सिंह की अदालत में सुनवाई के लिए सूचीबद्ध है। मामला दुमका कोषागार से अवैध निकासी से संबंधित है। इस मामले में सीबीआइ की अदालत ने लालू प्रसाद यादव को सात साल की सजा सुनाई है।

लालू प्रसाद की ओर से इस मामले में आधी सजा पूरी करने और कई तरह की बीमारियों का हवाला देते हुए जमानत की गुहार लगाई गई है। लालू प्रसाद के अधिवक्ता देवर्षि मंडल ने बताया कि लालू प्रसाद ने दुमका कोषागार वाले मामले में करीब 44 माह जेल में बिताए हैं, जो उन्हें सुनाई गई सजा की आधी अवधि से ज्यादा है। ऐसे में उन्हें जमानत मिल सकती है। हालांकि सीबीआइ के वकील इस तर्क को खारिज कर रहे हैैं। 

बता दें कि लालू प्रसाद यादव को पिछले दिनों बेहतर इलाज के लिए रांची स्थित रिम्स से एम्स दिल्ली भेजा गया है। लालू प्रसाद को तीन मामलों में पहले ही जमानत मिल चुकी है। ऐसे में अगर लालू प्रसाद को शुक्रवार को जमानत मिलती है, तो वे जेल से बाहर आ जाएंगे।