राम मंदिर के लिए निधि के साथ भावों का भी समर्पण, गलियों से पगडंडियों तक एक ही धुन

 

राम मंदिर निर्माण के लिए पिछड़ों-वंचितों व गरीबों समेत समाज के हर वर्ग से संपर्क साधा जा रहा है।

आरएसएस और विहिप के 40 लाख से अधिक रामभक्त निधि समर्पण अभियान में लगे हैं। अनुसूचित जाति जनजाति पिछड़ों-वंचितों व गरीबों समेत समाज के हर वर्ग से संपर्क साधा जा रहा है। लोग अपने घर में उपलब्‍ध आलू-चावल भी देने के लिए उतावले हैं।

रांची, । अयोध्या में बनने वाले भव्य राम मंदिर निर्माण के लिए निधि समर्पण अभियान पूरे देश में चल रहा है। इस अभियान में पूरे देश के 40 लाख से अधिक रामभक्त लगे हैं। 15 जनवरी से ही आरएसएस व विहिप के सभी अधिकारी व स्वयंसेवक शहर की गलियों से लेकर गांव की पगडंडियों को नाप रहे हैं। यात्रा के क्रम में इन स्वयंसेवकों को खुद से बड़े रामभक्तों के भी दर्शन हो रहे हैं, जिनके पास देने के लिए कुछ नहीं है, लेकिन मन में श्रद्धा अपार है।

किसी ने बड़ी मुश्किल से पाई-पाई जोड़कर 10-11 रुपये जमा किए हैं तो कोई अपने घर में उपलब्ध धान-चावल, आलू व अन्य अनाज ही देने को उतावला है। सबकी उत्कंठा है कि राम का धाम बनने में उसका किसी न किसी रूप में योगदान जरूर हो। राम मंदिर के रूप में सदियों से संजोए गए सपने का साकार होना लोगों को भाव विह्वïल कर रहा है। संघ प्रमुख मोहन भागवत, सरकार्यवाह भय्याजी जोशी, संघ के सभी सह सरकार्यवाह, क्षेत्र प्रचारक, प्रांत प्रचारक, विहिप के राष्ट्रीय अध्यक्ष, महासचिव, संगठन मंत्री सहित नगर से लेकर अखिल भारतीय स्तर के अधिकारी अपने-अपने इलाके में पूरे देश में लगातार प्रवास कर रहे हैं।

एक तरफ जहां सामर्थ्‍य वाले लोगों को ज्यादा से ज्यादा राशि देने को प्रेरित किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ों-वंचितों, गरीबों समेत समाज के हर वर्ग से संपर्क साधा जा रहा है। अभियान में लगे कार्यकर्ता सुबह घर से निकलते हैं और शाम में लौटते हैं। सबके मन में भव्य राम मंदिर बनाने की धुन है। राम काज करने का जुनून है।

27 फरवरी के बाद भी काम बंद नहीं होगा

झारखंड-बिहार के क्षेत्र संगठन मंत्री केशव राजू का कहना है कि निधि समर्पण अभियान तो 27 फरवरी तक ही चलेगा, लेकिन उसके बाद भी इस अभियान में लगे कार्यकर्ताओं का काम बंद नहीं होगा। जो लोग चेक लेंगे, उन्हें यह देखना होगा कि समय से चेक की राशि खाते में आ जाए। उसके बाद सभी की ऑडिट करानी होगी और सारा हिसाब श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र को सौंपना होगा।

1950 और 1964 में भी चला था इस तरह का अभियान

आरएसएस के झारखंड-बिहार के क्षेत्र संपर्क प्रमुख अनिल ठाकुर ने कहा कि इससे पहले भी संघ के स्वयंसेवक  निधि संग्रह अभियान के माध्यम से जनता के बीच गए थे। संघ के द्वितीय सरसंघचालक माधवराव सदाशिवराव गोलवलकर उर्फ गुरु जी के जन्म के 51 वर्ष पूरे होने पर 1949-50 और 1964 में विवेकानंद केंद्र शिला स्मारक समिति के बैनर तले कन्याकुमारी में स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा स्थापित करने के लिए पूरे देश में निधि संग्रह अभियान चलाया गया था।

इस अभियान के तहत 30 लाख परिवारों से में संपर्क किया गया था। एक रुपये और पांच रुपये की रसीद बनाई गई थी। उस समय तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने भी सरकारी कोष से 50 लाख रुपये और जम्मू कश्मीर के तत्कालीन मुख्यमंत्री शेख अब्दुल्ला ने एक लाख रुपये दिये थे। स्कूल-काॅलेज में भी संपर्क किया गया था। इस अभियान को संघ के सरकार्यवाह रहे एकनाथ राणाडे देख रहे थे।

वर्ष 2000 में चार लाख 25 हजार गांवों तक पहुंचा था संघ

संघ के स्वयंसेवकों ने पूरे देश में कई बार जनसंपर्क अभियान भी चलाया है। 1952 में गोहत्या के विरोध में अभियान, 1975 में इमरजेंसी के खिलाफ व्यापक संपर्क अभियान, 1985 में संघ के 60 वर्ष पूरे होने पर विशेष जनजागरण अभियान, 1988-89 में संघ संस्थापक डाॅक्टर केशव बलिराम हेडगेवार के जन्मशताब्दी समारोह को लेकर संपर्क अभियान व वर्ष 2000 में संघ के 75 वर्ष पूरे होने पर राष्ट्र जागरण अभियान चलाया गया। वर्ष 2000 में देश के 4 लाख 25 हजार गांवों में संपर्क किया गया। 2006 में गुरुजी जन्मशताब्दी समारोह के माध्यम से देश के सभी प्रखंडों में हिंदू सम्मेलन किया गया। दलित समाज के लोगों के बीच विशेष संपर्क अभियान चलाया गया। उसके बाद विश्व के सबसे बड़े जनसंपर्क अभियान में 40 लाख से अधिक कार्यकर्ता लगे हैं।

राम मंदिर निर्माण में आलोक गुप्ता ने पांच लाख 11 हजार रुपये का किया सहयोग

राम मंदिर निर्माण के लिए निधि समर्पण अभियान रांची शहर में सभी मोहल्लों में चल रहा है। वनवासी कल्याण केंद्र के सचिव आलोक कुमार गुप्ता ने अपने परिवार की ओर से मंगलवार को कोकर में आयोजित एक कार्यक्रम में पांच लाख ग्यारह हजार रुपये की राशि का चेक आरएसएस के प्रांत प्रचारक रविशंकर को सौंपा। इस मौके पर डिप्टी मेयर संजीव विजयवर्गीय, वनवासी कल्याण केंद्र के प्रणय दत्त, विहिप के प्रांत कोषाध्यक्ष मदन बागड़‍िया, अक्षय प्रसाद सिंह, अजय अग्रवाल एवं आलोक गुप्ता के परिवार के सभी सदस्य उपस्थित थे। उधर वनवासी कल्याण केंद्र के उपाध्यक्ष सुखी उरांव ने भी अपने परिवार की ओर से विहिप के गंगा यादव को चेक सौंपा। इस मौके पर संजय यादव, प्रकाश सिन्हा, किरण बांडो सहित कई लोग उपस्थित थे।

एसआइएस के मालिक आरके सिन्हा ने दिए 1.52 करोड़ रुपये

एसआइएस सिक्योरिटी एजेंसी के मालिक व पूर्व राज्यसभा सदस्य आरके सिन्हा ने अपने पुत्र ऋतुराज के माध्यम से एक करोड़ 51 लाख रुपये का चेक राम मंदिर निर्माण के लिए दिया। यह चेक आरएसएस के उत्तर पूर्व क्षेत्र प्रचारक रामदत्त चक्रधर, क्षेत्र कार्यवाह मोहन सिंह एवं सह क्षेत्र प्रचारक रामनवमीजी ने लिया। इसके साथ ही बिहार सरकार के कृषि मंत्री अमरेंद्र प्रताप सिंह ने एक लाख रुपये का चेक दिया।