असम में कोरोना के मामलों में गिरावट,1 मार्च से कोरोना जांच कराना नहीं होगा अनिवार्य

 


असम में कोरोना के मामलों में गिरावट,1 मार्च से कोरोना जांच कराना नहीं होगा अनिवार्य

असम में कोरोना के मामलों में गिरावट दर्ज की गई है। राज्य सरकार ने 1 मार्च से यहां पर आने वाले लोगों का कोरोना नगेटिव रिपोर्ट ले जाना जरुरी नहीं होगा और ना ही उनका राज्य में कोरोना टेस्ट होगा। पढ़ें पूरी खबर।

दिसपुर, एएनआइ। असम सरकार ने बड़ा फैसले लेते हुए राज्य में आने वाले लोगों को राहत दी है। 1 मार्च 2021 से यहां पर कोरोना जांच कराना जरुरी नहीं होगा। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बताया कि मंगलवार तक राज्य में एक लाख से ज्यादा लोगों को कोरोना टीका लगाया जा चुका है यहां पर टीकाकरण सफल रहा है, जिसको ध्यान में रखते हुए राज्य में आने वाले लोगों को कोरोना नगेटिव रिपोर्ट ले जाना जरुरी नहीं होगा और ना ही उनका राज्य में कोरोना टेस्ट अनिवार्य नहीं होगा। राज्य सरकार ने कहा कि एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन या सड़क मार्ग से आने वालों लोगों की जांच के लिए लगी टीमें उनका कोरोना टेस्ट नहीं करेंगी।

सबसे ज्यादा टीके कछार जिले में लगाए गए स्वास्थ्य मंत्री के मुताबिक, मंगलवार तक राज्य में एक लाख से ज्यादा लोगों को कोरोना का टीका लगाया जा चुका है। उन्होंने कहा कि राज्य में कोरोना टीका सफल रहा है। राज्य में कई भी साइड इफेक्ट्स के मामले सामने नहीं आए हैं। मंत्री ने बताया कि कामरूप (मेट्रोपॉलिटन), जो गुवाहाटी शहर को कवर करता है, और कछार जिलों ने मंगलवार को सबसे अधिक टीकारण किया। उन्होंने बताया कि राज्य में मंगलवार शाम छह बजे तक कुल 1,08,512 लोगों को टीका लगाया जा चुका है।

स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि राज्य में 2.19 लाख हेल्थकेयर वर्करों में से 50 फीसदी का टीकाकरण किया जा चुका है। स्वास्थ्य परिवार कल्याण असम के निदेशक मुनींद्र नाथ नटेते के मुताबिक, 25 फरवरी 2021 तक पूरे 2.19 लाख पंजीकृत स्वास्थ्य कर्मियों में से प्रत्येक को कम से कम पहली खुराक मिल जाएगी। राज्य में कोरोना वैक्सीन लगवाने से हिचक रहे उनके लिए एक मोप-अप राउंड का आयोजन किया जाएगा।