राजनाथ सिंह को बहुत तजुर्बा है, किसानों को उन पर विश्वास; बातचीत के लिए आगे आएंः टिकैत

 

हापुड़ के गांव धनोरा पहुंचे भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत।
नरेश टिकैत ने कहा कि खेती-किसानी के मामले में राजनाथ सिंह को बहुत तजुर्बा है। किसानों को उन पर विश्वास है। किसानों से बातचीत में उन्हें आगे आना चाहिए। टिकैत ने दावा कि उन्हें किसानों के हितों के मुद्दे पर बोलने नहीं दिया जा रहा है।

नई दिल्ली/ हापुड़। भारतीय किसान यूनियन(टिकैत) यानी भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत ने सोमवार को हापुड़ के धनौरा गांव पहुंचे। इस दौरान उन्होंने केंद्र के तीनों कृषि कानूनों के मुद्दे पर किसानों से बातचीत की। उन्होंने कहा, राजनाथ सिंह को बहुत तजुर्बा है। किसानों को उन पर विश्वास है। किसानों से बातचीत में उन्हें आगे आना चाहिए। नरेश टिकैत ने दावा कि उन्हें किसानों के हितों के मुद्दे पर बोलने नहीं दिया जा रहा है। कृषि कानून राष्ट्रीय मुद्दा है। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और लाल कृष्ण आडवाणी को भी केंद्र सरकार इस मुद्दे में शामिल करे।

भाकियू नेता नरेश टिकैत ने दावा कि कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर पर भी शिकंजा कसा हुआ है। केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान को भी तजुर्बा है। उन्हें सही बात बोलने की छूट दी जाए। संजीव बालियान भी दोनों तरफ से फंसे हुए हैं। इसमें उनकी कोई खता नहीं है। उन्होंने कहा कि भाजपा में भी खलबली का माहौल है। यही हाल रहा तो करीब सौ सांसद एकदम से टूटेंगे।

उन्होंने कहा कि हमने पहले ही बोला था कि गांवों में माहौल खराब है। हमने पहले ही संजीव बालियान से मना किया था। उनकी सरकार में उनका विरोध हो रहा है तो यह अच्छी बात नहीं है। सरकार ने गलती की है तो सरकार को ही आगे आना होगा।  

यूपी गेट पर राकेश टिकैत ने चलाया कोल्हू

बता दें कि नरेश टिकैत के भाई राकेश टिकैत दिल्ली से सटे गाजियाबाद के यूपी गेट पर किसानों के साथ धरने पर बैठे हैं। प्रदर्शनकारी रोजाना ऐसा कोई मौका नहीं छोड़ रहे जब वह मीडिया की सुर्खियां न बटोर सकें। रविवार को यूपी गेट स्थित धरनास्थल पर भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कोल्हू चलाया और गन्ने का रस निकाला। इसके साथ ही उन्होंने गुजरात के अहमदाबाद से आए चरखे को चलाकर सूत काता। वहीं रविवार को दोपहर तक धरनास्थल पर प्रदर्शनकारियों की भीड़ काफी कम रही लेकिन दोपहर बाद इनकी संख्या में इजाफा हुआ।

प्रदर्शनकारियों ने बताया कि भाकियू के महेंद्र सिंह टिकैत ने वर्ष 1995 में किसानों के हित के लिए दिल्ली में प्रदर्शन किया था। इस दौरान वहां उन्होंने कोल्हू चलाया था। इस कोल्हू को वर्तमान में मुजफ्फरनगर के सिसौली गांव में रखा गया था। रविवार को इस कोल्हू को यूपी गेट धरनास्थल पर लाया गया और राकेश टिकैत ने प्रतिकात्मक रूप से इस कोल्हू को चलाया।