अत्यधिक मीठा खाना आपके लिए हो सकता है जानलेवा, इम्यून सिस्टम कर सकता है चौपट

अत्यधिक मीठा खाने से इम्युनिटी कमजोर हो सकती है।

आमतौर पर मीठे पेय पदार्थ मिठाई और प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थो में फ्रक्टोज पाया जाता है। अगर शरीर में इसकी मात्रा अधिक है तो व्यक्ति मोटापे टाइप-2 डायबिटीज और नॉन एल्कोहलिक फैटी लीवर बीमारियों से पीड़ित हो सकता है।

ब्रिस्टल , एएनआइ। कोरोना महामारी के इस दौर में ज्यादा मीठा (फ्रक्टोज रिच डाइट) खाने से आपका जीवन खतरे में पड़ सकता है। एक नए शोध में पता चला है कि अत्यधिक मीठी वस्तुओं के सेवन से आपका इम्यून सिस्टम (प्रतिरक्षा प्रणाली) चौपट हो सकता है। लंदन स्थित यूनिवर्सिटी ऑफ ब्रिस्टल और फ्रांसिस क्रिक इंस्टीट्यूट के विज्ञानियों द्वारा किया गया यह शोध नेचर कम्युनिकेशन नामक जर्नल में प्रकाशित हुआ है।

आमतौर पर मीठे पेय पदार्थ, मिठाई और प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थो में फ्रक्टोज पाया जाता है। अगर शरीर में इसकी मात्रा अधिक है तो व्यक्ति मोटापे, टाइप-2 डायबिटीज और नॉन एल्कोहलिक फैटी लीवर बीमारियों से पीड़ित हो सकता है। चिंताजनक पहलू यह है कि पूरी दुनिया में इसका सेवन बढ़ रहा है। अब तक शरीर में फ्रक्टोज के ऊंचे स्तर के चलते प्रतिरक्षा प्रणाली पर पड़ने वाले फर्क को लेकर अध्ययन बहुत सीमित रहा है।

नए शोध से पता चलता है कि फ्रक्टोज का बढ़ा स्तर प्रतिरक्षा प्रणाली में सूजन की वजह बनता है। जिससे सूजन से जुड़े अधिक रिएक्टिव मॉलीक्यूल पैदा होते हैं। इस तरह की सूजन से ना केवल कोशिकाओं और ऊतकों को नुकसान हो सकता है बल्कि अंग और शरीर भी काम करना बंद कर सकता है। इन सभी दिक्कतों के चलते व्यक्ति गंभीर बीमारी की चपेट में आ सकता है।                                                                                    

यह शोध इस बात पर भी प्रकाश डालता है कि फ्रक्टोज डायबिटीज और मोटापे से कैसे जुड़ा हो सकता है। शोध में कहा गया है कि छोटी सूजन अक्सर मोटापे से जुड़ी होती है। स्वानसी यूनिवर्सिटी मेडिकल स्कूल के डॉ. निक जोनास ने कहा, 'शोध से हमें यह समझने में मदद मिल सकती है कि कौन से आहार सूजन और बीमारी को बढ़ाते हैं और कौन से भोज्य पदार्थ हमारे शरीर के लिए लाभदायक हो सकते हैं।'