सस्ता डालर देने के बहाने तिपहिया चालक से लगाया दो लाख 80 हजार का चूना, पुलिस ने किया गिरफ्तार

 

पुलिस इस मामले मेें अभी और लोगों को तलाश कर रही है जो इनकी मदद किया करते थे।

आरोपित एक तिपहिया चालक से 2 लाख 80 हजार रुपये लेकर उन्हें डालर देने का झांसा देकर कपड़े में लिपटा हुआ रुपये के जैसा अखबारों का बंडल थमा फरार हो थे। पुलिस ने मोबाइल नंबर की जांच करते हुए दोनों ठगों को दबोच मामले की गुत्थी सुलझा ली है।

नई दिल्ली । उत्तरी जिला के सब्जी मंडी थाना पुलिस ने कम कीमत में डालर देने के बहाने ठगी करने वाले दो शातिर ठग को गिरफ्तार किया है। आरोपित एक तिपहिया चालक से 2 लाख, 80 हजार रुपये लेकर उन्हें डालर देने का झांसा देकर कपड़े में लिपटा हुआ रुपये के जैसा अखबारों का बंडल थमा फरार हो थे। पुलिस ने मोबाइल नंबर की जांच करते हुए दोनों ठगों को दबोच मामले की गुत्थी सुलझा ली है।

डीसीपी उत्तरी जिला एंटो अल्फोंस के मुताबिक गिरफ्तार किए गए ठगों के नाम मोहम्मद जहांगीर व मोहम्मद राजू हैं। राजू, जेजे कालोनी, बवाना और जहांगीर, न्यू अशोक नगर का रहने वाला है। जहांगीर वैसे मूलरूप से उत्तरी 24 परगना, पश्चिम बंगाल का रहने वाला है। उसके खिलाफ वसंतकुज व सदरबाजार में इसी तरह के ठगी के तीन मामले पहले के भी दर्ज हैं।

राजू की आपराधिक पृष्ठभूमि के बारे में पता लगाया जा रहा है। इनकी निशानदेही पर अपराध में इस्तेमाल पांच मोबाइल फोन, 73 हजार नगदी व ठगी के रुपये से खरीदे गए सोने के जेवरात बरामद किए गए हैं। 22 फरवरी को बुराड़ी, कौशिक एंक्लेव निवासी तिपहिया चालक शंभू दयाल ने सब्जीमंडी थाने में शिकायत कर बताया था कि जब वह अशोक विहार से पैसेंजर लेकर सब्जी मंडी आए थे तब वहां उन्हें दो युवक मिल गए। उन्होंने उनसे बातचीत शुरू कर दी। बीतचीत के क्रम में उनमें एक युवक ने शंभू दयाल को एक डॉलर दिखाया और उनसे पूछा कि क्या वह उसे ले सकते हैं। बहुत कम कीमत में डालर देने की बात कहने पर वह लालच में आ गए।

ठग ने उन्हें अपना मोबाइल नंबर दिया और वहां से दोनों चले गए। अगले दिन शाम ने युवक ने फिर चालक को फोन किया जिसपर वह उनसे मिलने घंटा घर,  सब्जी मंडी आ गए। युवक ने अपना नाम कृष्ण बताया। दोनों के बीच डालर लेने की डील हुई। इस पर युवक ने उसे 2.80 लाख रुपये में साढे पांच लाख का डालर देने की बात कही। 24 फरवरी को शंभू दयाल ने उनसे 2.80 लाख रुपये लेकर उन्हें कागज का बंडल थमा फरार हो गया।मोबाइल नंबर की जांच कर पुलिस टीम जब जेजे कॉलोनी, बवाना पहुंची तब वहां उसकी पत्नी व मां मिली। छानबीन के बाद पुलिस ने 2 मार्च को वहां से राजू को दबोच लिया। उससे पूछताछ के बाद जहांगीर को न्यू अशोक नगर से दबोच लिया। पूछताछ में राजू ने बताया कि ठगी के पैसे में से 90 हजार उसने पत्नी को दिया था। पत्नी ने भी उक्त रकम किसी और को दे दी। 50 हजार रुपये राजू ने शराब पीने व जुआ खेलने में खर्च कर दिए।