थाइलैंड में राजमहल के बाहर पुलिस से भिड़े प्रदर्शनकारी, सरकार विरोधी प्रदर्शन में दर्जनों लोग घायल

 

बैंकॉक, एजेंसियां। थाइलैंड में लोकतंत्र समर्थक आंदोलन जोर पकड़ता दिखाई दे रहा है। रविवार को पुलिस ने सरकार विरोधी प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए पानी की बौछार के साथ ही आसूं गैस और रबर बुलेट का इस्तेमाल किया। पुलिस द्वारा किए गए बल प्रयोग में 30 से अधिक आम नागरिक घायल हुए हैं। कुछ पुलिसकर्मियों के भी चोटिल होने की खबर है। इंटरनेट मीडिया पर चल रहे वीडियो में पुलिस भाग रहे लोगों को पीटती दिख रही है। एक अन्य वीडियो में लोग आसूं गैस से बचने के लिए मैकडॉनाल्ड रेस्तरां में शरण लेते दिखाई दे रहे हैं।

पुलिस ने बल प्रयोग को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बताया है। उसने कहा है कि प्रदर्शनकारियों ने ना केवल सार्वजनिक स्थान पर एकत्र होने के नियमों को तोड़ा बल्कि राजशाही का अपमान भी किया। पुलिस ने 20 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया है। बैंकॉक पुलिस के उप प्रमुख ने कहा कि हिंसा की शुरुआत प्रदर्शनकारियों की तरफ से हुई थी। चूंकि प्रदर्शनकारियों की अगुआई करने वाले अधिकांश नेताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है, इसलिए उनकी तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है।

 लोगों ने राजा के चित्र पर कालिख पोत दी थी

राजधानी बैंकॉक में शनिवार को भी प्रदर्शन हुआ था। इस दौरान लोगों ने राजा के चित्र पर कालिख पोत दी थी। इस महीने हुए सरकार विरोधी प्रदर्शनों में 20 से अधिक प्रदर्शनकारी घायल हुए हैं। दरअसल, राजशाही के खिलाफ युवाओं का यह प्रदर्शन पिछले वर्ष शुरू हुआ था। प्रधानमंत्री प्रयुत चान ओचा की सरकार के लिए यह सबसे बड़ी चुनौती है। ओचा एक सेवानिवृत्त सैन्य अध्यक्ष हैं और वह वर्ष 2014 में निर्वाचित सरकार का तख्तापलट कर सत्ता पर काबिज हो गए थे। आंदोलनकारी राजशाही में सुधार की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि तख्तापलट के बाद सेना ने जो संविधान बनाया है, उसमें राजा को असीमित शक्तियां दे दी गई हैं। सरकार ने कहा कि राजा की आलोचना गैरकानूनी और अनुचित है।