दिल्ली-हरियाणा बॉर्डर पर बैठे किसान प्रदर्शनकारियों के लिए आई राहत भरी खबर

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शिविर में बुधवार से ही आंदोलनकारियों का टीकाकरण शुरू हो गया है।

 जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री मनोहर लाल के आदेश पर अमल करते हुए बुधवार शाम कुंडली बॉर्डर पर शिविर भी कर दिए गए। बृहस्पतिवार से कुंडली बॉर्डर पर कोरोना टीकाकरण का अभियान जोर पकड़ सकता है।

नई दिल्ली/सोनीपत, ऑनलाइन डेस्क। तीनों केंद्रीय कृषि कानूनों को रद कराने की मांग को लेकर दिल्ली-हरियाणा के बॉर्डर डटे किसान प्रदर्शनकारियों को हरियाणा सरकार ने बड़ी राहत दी है। यहां पर आने वाले दिनों में प्रदर्शनकारियों को कोरोना वायरस टीका लगाने का इंतजाम किया जाएगा, फिलहाल कोरोना टीका लगाने के लिए शिविर दिल्ली-एनसीआर के कुंडली बॉर्डर पर ही लगाया गया है।  दरअसल, मनोहर लाल के नेतृत्व में हरियाणा में सत्तासीन भारतीय जनता पार्टी सरकार ने फिलहाल सिंघु बॉर्डर (कुंडली बॉर्डर) पर कोरोना का टीका लगाने के लिए शिविर लगाने की हिदायत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दी। इसके बाद इस पर अमल शुरू हो गया है। वहीं, डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने किसान आंदोलनकारियों से शिविर में जाकर टीकाकरण का लाभ उठाने की गुजारिश की है। ऐसे में माना जा रहा है कि आने वाले कुछ दिनों/हफ्तों में टीकरी, झज्जर और शाहजहांपुर पर बैठे किसान प्रदर्शनकारियों को कोरोना का टीका लगाने की व्यवस्था की जा सकती है।

सिंघु बॉर्डर पर शुरू हुआ कोरोना का टीकाकरण

जागरण संवाददाता से मिली जानकारी के मुताबिक, मुख्यमंत्री मनोहर लाल के आदेश पर अमल करते हुए बुधवार शाम कुंडली बॉर्डर पर शिविर भी कर दिए गए। बृहस्पतिवार से कुंडली बॉर्डर पर कोरोना टीकाकरण का अभियान जोर पकड़ सकता है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शिविर में बुधवार से ही आंदोलनकारियों का टीकाकरण शुरू हो गया है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने कुंडली बॉर्डर पर मौजूद रसोई ढाबा में कोविड-19 टीकाकरण अभियान शुरू किया है। रसोई ढाबे में शुरू हुआ कोविड टीकाकरण कैंप रेडक्रास सोसायटी की समन्वयक सरोज बाला की देखरेख में लगाया गया है। ऐसे में उम्मीद की जा रहा है कि किसान आंदोलनकारी बृहस्पतिवार से कोरोना वायरस संक्रमण के टीकाकरण अभियान में शामिल होंगे और हरियाणा की मनोहर लाल सरकार की इच्छा का सम्मान करेंगे। 

यह है नियम कोरोना का टीका लगने का नियम

केंद्र सरकार द्वारा जारी नियमों के मुताबिक, 60 वर्ष से अधिक के बुजुर्गों और गंभीर रूप से बीमार 45 साल की से अधिक उम्र वाले लोगों को कोरोनारोधी टीका लगाया जा रहा है। 60 साल से अधिक और 45 वर्ष से ऊपर के बीमार लोगों को टीका लगवाने के लिए को-विन और आरोग्य सेतु ऐप पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना होगा। घर का कोई भी सदस्य अपने मोबाइल फोन नंबर से रजिस्ट्रेशन कर सकता है, हालांकि इसके लिए पहचान पत्र होना चाहिए। पंजीकरण करते समय भरी गई जानकारी को बदलने करने की सुविधा भी होगी, लेकिन एक बार व्यक्ति को पहला डोज लग जाएगा, तो इसके बाद इसमें संशोधन नहीं हो सकेगा।

उधर, पात्र व्यक्ति सीधा टीकाकरण केंद्र पर आकर वैक्सीन लगवा सकते हैं। इसके लिए लोगों को अपने साथ एक पहचान पत्र मसलन आधार कार्ड, वोटर आईडी कार्ड और साथ में एक फोटो लेकर केंद्र पर लेकर आना होगा, लेकिन केंद्र पर उपलब्ध सूची से जानकारी के मिलान के बाद उन्हें टीका लगा दिया जाएगा। इस दौरान उन सभी नियमों का पालन होगा, जो अभी तक के टीकाकरण अभियान में हुआ है।