क्यों मीना कुमारी को पैदा होते ही अनाथालय की सीढ़ियों पर छोड़ आये थे पिता, इस शादीशुदा एक्टर को बनाया जीवनसाथी

 

Tragedy Queen Bollywood Actress Meena Kumari Death Anniversary

मीना कुमारी की पहली फिल्म का नाम फरजंद-ए-वतन है जो कि साल 1939 में रिलीज हुई थी। इसके बाद उन्होंने वीर घटोत्कच बैजू बावरा परिणीता आजाद एक ही रास्ता मिस मैरी शारदा कोहिनूरदिल अपना और प्रीत पराई से पहचान मिली। उनकी फिल्मों के डायलॉग्स भी काफी हिट रहे हैं।

नई दिल्ली। बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री में 'ट्रेजडी क्वीन' के नाम से मशहूर मीना कुमारी एक ऐसी अभिनेत्री थीं जिनका जादू आज दशकों बाद भी कायम है। आज भले ही हमारे बीच नहीं हैं लेकिन वह हमेशा ही अपने फैंस के दिलों में जिंदा रहेंगी। उनकी खूबसूरती की तारीफ आज भी होती है। मीना न सिर्फ अपनी खूबसूरती बल्कि अपनी एक्टिंग और डायलॉग्स के लिए भी याद की जाती हैं। 1 अगस्त, 1932 को जन्मी मीना कुमारी का निधन   31 मार्च, 1972 को हो गया। मीना कुमारी ने अपने 30 साल के  फिल्मी कॅरियर में 90 से ज्यादा फिल्मों में काम किया। मीना हमेशा से ही अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर चर्चा में रही हैं। उनके पैदा होते ही उनके पिता ने उन्हें अनाथ आश्रम में छोड़ दिया था। आज हम आपको मीना कुमारी की जयंती पर उनके जीवन से जुड़े कई अनसुने किस्से। तो चलिए जानते हैं..

पढ़ाई करना चाहती थीं मीना कुमारी:

मीना कुमारी के नाम से पूरी दुनिया में फेमस एक्ट्रेस का असली नाम महजबीन था। मीना कुमारी कभी भी फिल्मों में काम नहीं करना चाहती थी। वो दूसरे बच्चों की तरह ही स्कूल जाना चाहती थी। लेकिन परिवार की माली हालत ठीक न होने की वजह से उन्हें स्कूल की जगह फिल्मों में काम करना पड़ा।

जन्म होते ही अनाथ आश्रम में पिता ने छोड़ा था:

मीना कुमारी के बारे में ये बात कम लोग ही जानते होंगे कि उनके पैदा होते ही उनके पिता अली बक्श ने उन्हें अनाथालय में छोड़ दिया था। दरअसल, मीना कुमारी के पिता अली बक्श की पहले से ही दो बेटियां थीं। वहीं मीना कुमारी के जन्म से वह बेहद दुखी थे। कहा जाता है कि जब उनका जन्म हुआ था उस उनके घर की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी। यहां तक कि उनके पिता के पास डॉक्टर की फीस चुकाने के लिए भी पैसे नहीं थे। इसलिए उनके पिता ने उन्हें किसी मुस्लिम अनाथालय के बाहर छोड़ दिया था। लेकिन कुछ ही घंटे बाद फिर से उठा लिया।

कमाल अमरोही से शादी :

मीना कुमारी की शादीशुदा लाइफ भी ठीक नहीं थी। उनकी मुलाकात मशहूर फिल्मकार कमाल अमरोही साल 1951 में फिल्म 'तमाशा' के सेट पर हुई थी। धीरे धीरे दोनों एक दूसरे के करीब आते गए और एक साल के भीतर भीतर निकाह कर लिया। यह कमाल अमरोही की तीसरी शादी थी। हालांकि 12 साल के भीतर ही दोनों के रिश्तों में दरार आ गई। इसके बाद एक दनि उन्होंने मीना कुमारी को तीन तलाक दे दिया।

इन फिल्मों ने बनाया हिट:

मीना कुमारी की पहली फिल्म का नाम 'फरजंद-ए-वतन' है जो कि साल 1939 में रिलीज हुई थी। इसके बाद उन्होंने 'वीर घटोत्कच', 'बैजू बावरा', 'परिणीता', 'आजाद', 'एक ही रास्ता', 'मिस मैरी', 'शारदा', 'कोहिनूर','दिल अपना और प्रीत पराई' से पहचान मिली। उनकी फिल्मों के डायलॉग्स भी काफी हिट रहे हैं।