पीडीपी को एक और झटका, खुर्शीद आलम ने दिया त्यागपत्र

 

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी के वरिष्ठ नेता खुर्शीद आलम ने पार्टी से त्यागपत्र दे दिया।

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी को रविवार को एक और बड़ा झटका लगा। पार्टी के वरिष्ठ नेता खुर्शीद आलम ने पार्टी से त्यागपत्र दे दिया। उनका कहना था कि वह पार्टी के आंतरिक मामलों से खुश नहीं थे। इस कारण पार्टी को छोड़ा है। उनके लिए पार्टी को छोड़ना जरूरी हो गया।

जम्मू, राज्य ब्यूरो :   पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी को रविवार को एक और बड़ा झटका लगा। पार्टी के वरिष्ठ नेता खुर्शीद आलम ने पार्टी से त्यागपत्र दे दिया। उनका कहना था कि वह पार्टी के आंतरिक मामलों से खुश नहीं थे। इस कारण पार्टी को छोड़ा है। उनके लिए पार्टी को छोड़ना जरूरी हो गया था।

खुर्शीद आलम कुछ वर्ष पहले ही पीडीपी में शामिल हुए थे। लेकिन पार्टी में उनका बड़ा कद था। हाल ही में पार्टी ने 14 सदस्यीय राजनीतिक मामलों की जो कमेटी गठितकी थी,उसके भी वह सदस्य थे। कुछ सप्ताह पहले जब महबूबा मुफ्ती को फिर से तीन वर्ष के लिए सर्वसम्मति के साथ पार्टी का तीन वर्ष के लिए प्रधान चुना गया था तो उनके नामका प्रस्ताव करने वालों में खुर्शीद आलम भी थे। पार्टी के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी लोन हंजूरा और खुर्शीद आलम ने उनके नाम का प्रस्ताव किया था। खुर्शीद आलम के त्यागपत्र को पीडीपी के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। कुछ दिन पहले ही पार्टी के संस्थापक सदस्यों में एक मुजफ्फर हुसैन बेग ने भी जम्मू-कश्मीर अपनी पार्टी में शामिल होने का एलान कर दिया था।

जम्मू-कश्मीर में भाजपा के साथ सत्ता चलाने के बाद सरकार के गिरने के बाद से ही पीडीपी को कई वरिष्ठ नेता अब तक छोड़ चुके हैं। इनमें से कई अपनी पार्टी मेंशामिल हो गए हैं तो कई नेशनल कांफ्रेंस में चले गए हैं। जम्मू और कश्मीर दोनों ही जगहों से पार्टी के नेताओं ने त्यागपत्र दिया है। महबूबा मुफ्ती ने हालांकि पिछले दिनों फिर से संगठन में जान फूंकने के लिए कई बैठकें की मगर उसका भी कोई असर दिखने को नहीं मिल रहा है। अभी भी पार्टी के कई नेता लगातार त्यागपत्र दे रहे हैं। कुछ दिन पहले पूर्व एमएलसी सुरेंद्र चौधरी ने भी पार्टी के महासचिव पद से त्यागपत्र दे दिया था। हालांकि वह पार्टी में बने हुए हैं।