रेमडेसिविर दवा की काजाबाजारी करते हुए चार शख्स को दिल्ली पुलिस ने किया गिरफ्तार

 

रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी का भांडाफोड़। फाइल फोटो।

अपराध शाखा ने अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए दो अंतरराज्यीय गिरोह के चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पहले मामले में गुप्त सूचना पर इंस्पेक्टर गुरुमीत सिंह के नेतृत्व पुलिस टीम ने पंजाब के अमृतसर के रहने वाले तलविंदर सिंह और दिल्ली के रहने वाले जितेंद्र को गिरफ्तार किया।

नई दिल्ली। लगातार कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच दवाओं की कालाबाजारी भी तेजी के साथ हो रही है। कोरोना के उपचार में बेहद अहम माने जा रहे रेमडेसिविर इंजेक्शन की बढ़ी हुई मांग को देखते हुए इसकी कालाबाजारी भी खूब हो रही है। शुक्रवार को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी का बड़ा भांडाफोड़ किया।

चार लोग हुए गिरफ्तार

अपराध शाखा ने अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए दो अंतरराज्यीय गिरोह के चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पहले मामले में गुप्त सूचना पर इंस्पेक्टर गुरुमीत सिंह के नेतृत्व पुलिस टीम ने पंजाब के अमृतसर के रहने वाले तलविंदर सिंह और दिल्ली के रहने वाले जितेंद्र को गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से रेमडेसिविर की तीन शीशी मिली है।

25 हजार से लेकर 40 हजार में करते थे ब्लैक

आरोपित इन इंजेक्शन को 25 से 40 हजार रुपये में बेचते थे। पूछताछ में आरोपित तलविंदर सिंह ने बताया कि वह चांदनी चौक स्थित एक कुरियर कंपनी के माध्यम से पूरे देश में रेमडेसिविर की सप्लाई करता था। आरोपित जितेंद्र इसी कुरियर कंपनी में काम करता था। और रेमडेसिविर की सप्लाई के लिए दो हजार रुपये का कमीशन लेता था।

पुलिस पूछताछ में जुटी

फिलहाल पुलिस दोनों आरोपितों से पूछताछ कर इनके अन्य साथियों की तलाश के लिए छापेमारी कर रही है। वहीं एक दूसरे मामले में इंस्पेक्टर नीरज चौधरी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जीटीबी नगर में इस इंजेक्शन की कालाबाजारी की सूचना के बाद छापेमारी कर शोएब और मोहन नाम के दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से पुलिस को दस रेमडेसिविर इंजेक्शन की शीशी बरामद हुई है। फिलहाल पुलिस इन चारों आरोपितों से पूछताछ कर रही है। बता दें कि इससे पहले सोमवार को विवेक विहार के रहने वाले बसंत गोयल को उसके कर्मचारी राम अवतार शर्मा के साथ रेमडेसिविर की कालाबाजारी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।