डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया का हमला, 'केंद्र को अपनी इमेज की चिंता, बच्चों की फिक्र नहीं'

Singapore Coronavirus Variant ! डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया का हमला, 'केंद्र को अपनी इमेज की चिंता, बच्चों की फिक्र नहीं'

 उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि केंद्र सरकार और भाजपा की जाे प्रतिक्रिया सामने आई है उससे साफ हो गया है कि इन्हें सिंगापुर की चिंता है और अरविंद केजरीवाल को बच्चों की चिंता है।

नई दिल्ली । सिंगापुर में तथाकथित कोरोना वायरस संक्रमण के नए वैरिएंट के मुद्दे पर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने नागरिक उड्डयन मंत्री से मांग की है कि सिंगापुर से भारत के बीच सभी हवाई उड़ानों को रद की जाएं। इस पर अब सियासत तेज हो गई है। दरअसल, अरविंद केजरीवाल के बयान पर सिंगापुर ने दिया जवाब है कि हमारे देश में कोई नया वेरिएंट नहीं, जो है वह भारत में पैदा हुआ है। इस बाबत सिंगापुर सरकार की तरफ से भारतीय हाई कमीशन को कड़ी प्रतिक्रिया दी गई है। वहीं, दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने कहा है कि केंद्र सरकार को विदेश में अपनी इमेज की चिंता है, जबकि देश के बच्चों की चिंता नहीं है।

ताजा घटनाक्रम में भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने ट्वीट कर लिखा कि सिंगापुर की सरकार ने आज दिल्ली के सीएम के सिंगापुर वेरिएंट को लेकर किए गए ट्वीट पर भारतीय हाई कमिश्नर को तलब किया है. इस बाबत विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि सिंगापुर और भारत कोरोना के खिलाफ लड़ाई में मजबूत साझेदार हैं। विदेश मंत्री ने कहा कि ऐसे में जो लोग गैर जिम्मेदाराना बयान दे रहे हैं उन्हें यह समझने की आवश्यकता है कि इससे दोनों देशों को संबंध खराब हो सकते हैं। मैं साफ करना चाहूंगा कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भारत का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं वे भारत के लिए नहीं बोलते हैं।

वहीं, इस पर दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि मंगलवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सिंगापुर में कोरोना संक्रमण के नए वैरिएंट की स्थिति को लेकर कुछ बातें कही थीं। उन्होंने कहा था कि सिंगापुर में बच्चों के ऊपर खतरा मंडरा रहा है। कोरोना के नए स्वरूप को देखते हुए हमें भी अलर्ट रहने की जरूरत है। कई न्यूज चैनल के माध्यम से यह बात सामने आई थी। सिंगापुर के शिक्षामंत्री ने भी यह बयान दिया था कि बच्चों पर खतरा बढ़ रहा है। मगर आज भारतीय जनता पार्टी ने उस पर बहुत घटिया राजनीति शुरू की है। मोटे तौर पर हम देखें तो मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को दो बातों के बारे में बोला था। एक तो कोराेना के नए स्वरूप के बारे में बोला और दूसरा बच्चों के बारे में बोला था। इस पर केंद्र सरकार और भाजपा की जाे प्रतिक्रिया सामने आई है उससे साफ हो गया है कि इन्हें सिंगापुर की चिंता है और अरविंद केजरीवाल को बच्चों की चिंता है। केंद्र और भाजपा सिंगापुर को मुद्दा बना रहे हैं , मगर मेरे लिए मुद्दा मेरे बच्चे हैं। दिल्ली, देश के बच्चे हैं। मैं केंद्र और भाजपा से कहना चाहता हूं कि आप विदेश में अपनी इमेज बनाइए। हम अपने बच्चों की चिंता कर रहे हैं।

आप बच्चों की वैक्सीन नहीं लाएंगे, सिंगापुर की चिंता करेंगे। आप देखिए लंदन में कोरोना का नया स्वरूप आया था। डॉक्टरों और विशेषज्ञों ने अलर्ट किया था मगर भारत सरकार ने समय रहते काेई कदम नहीं उठाया। कोरोना के उस स्वरूप और भारत सरकार की लापरवाही की वजह से आज पूरा देश उसका खामियाजा भुगत रहा है। हजारों लोगों की जान चली गई है। कोई परिवार ऐसा नहीं बचा है जिसके यहां लोग बीमार न हुए हों। आज फिर कोरोना की अगली लहर को लेकर अलर्ट चल रहे हैं बच्चों को खतरा है। यहां तक कि सुप्रीम कोर्ट भी कह चुका है कि बच्चों को खतरा हो सकता है, मगर हमारी केंद्र सरकार समझ नहीं रही है।