फोर्टिस के पूर्व प्रमोटर शिवेंद्र सिंह की अंतरिम जमानत याचिका खारिज

कोर्ट ने तिहाड़ जेल प्रशासन द्वारा प्रस्तुत की गई रिपोर्ट के आधार पर जमानत याचिका खारिज कर दी।

साकेत कोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े एक मामले में फोर्टिस के पूर्व प्रमोटर मालविंदर मोहन सिंह की अंतरिम जमानत याचिका खारिज कर दी। मालविंदर मोहन सिंह ने तिहाड़ जेल में फैल रहे कोरोना और मालविंदर मोहन सिंह की सेहत को आधार बनाते हुए अंतरिम जमानत याचिका लगाई थी।

नई दिल्ली । साकेत कोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े एक मामले में फोर्टिस के पूर्व प्रमोटर मालविंदर मोहन सिंह की अंतरिम जमानत याचिका खारिज कर दी। मालविंदर मोहन सिंह ने तिहाड़ जेल में फैल रहे कोरोना और मालविंदर मोहन सिंह की सेहत को आधार बनाते हुए अंतरिम जमानत याचिका लगाई थी। कोर्ट ने 29 अप्रैल को तिहाड़ जेल प्रशासन द्वारा प्रस्तुत की गई रिपोर्ट के आधार पर जमानत याचिका खारिज कर दी। इससे पहले मालविंदर मोहन सिंह ने सामान्य याचिका लगाई थी जिसे कोर्ट ने रद कर दिया था। साकेत कोर्ट के आदेश के विरोध में उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी जहां सुनवाई लंबित है।

तिहाड़ जेल प्रशासन की 29 अप्रैल की रिपोर्ट को आधार बना खारिज की जमानत याचिका रेलिगेयर फिनवेस्ट लिमिटेड गबन के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा गिरफ्तार किए गए फोर्टिस हेल्थकेयर के पूर्व प्रमोटर मालविंदर सिंह की जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए साकेत कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संदीप यादव ने तिहाड़ जेल प्रशासन की 29 अप्रैल की रिपोर्ट को आधार बनाते हुए जमानत देने से इनकार कर दिया। सिंह के वकील ने ने तिहाड़ जेल संख्या 89 में लगातार फैल रहे संक्रमण के मामलों तथा सिंह की उम्र व स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए जमानत याचिका लगाई थी। साथ ही कोर्ट ने जेल प्रशासन को कोरोना वायरस प्रोटोकॉल का पूर्णतया पालन करने तथा सिंह की जांच की कराने का निर्देश दिया है।

बता दें कि दिल्ली में कोरोना से हालात बेकाबू होते जा रहे हैं। हर दिन सैकड़ों लोग इस बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। सरकार इस बीमारी को खत्म करने की पूरी कोशिश में जुटी है हालांकि इसके कारण सरकार कुछ एहतियात भरे कदम भी उठा रही है। वहीं जेल के अंदर भी कोरोना फैल चुका है। लगातार वहां से भी संक्रमितों की खबर मिल रही है।