केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ओडिशा में चक्रवात यास से प्रभावित जिलों का किया दौरा

 

केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ओडिशा में चक्रवात यास से प्रभावित जिलों का किया दौरा। फाइल फोटो

धर्मेंद्र प्रधान ने ओडिशा में चक्रवात यास से प्रभावित भद्रक जगतसिंहपुर और केंद्रपाड़ा जिलों का रविवार को हवाई सर्वेक्षण किया। धर्मेंद्र प्रधान ने भद्रक जिले में चक्रवात यास प्रभावित धामरा गांव का दौरा किया और लोगों से मुलाकात की।

भुवनेश्वर, एएनआइ। केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ओडिशा में चक्रवात यास से प्रभावित भद्रक, जगतसिंहपुर और केंद्रपाड़ा जिलों का रविवार को हवाई सर्वेक्षण किया। धर्मेंद्र प्रधान ने भद्रक जिले में चक्रवात यास प्रभावित धामरा गांव का दौरा किया और लोगों से मुलाकात की। इस दौरान धर्मेंद्र प्रधान ने लोगों को खाने-पीने का सामान भी बांटा। इस मौके पर धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि यहां लोग पिछले पांच दिन से पानी के अंदर हैं, गांव के लिए रास्ते कट गए हैं। हम सब की प्राथमिकता है कि लोग कैसे भूखे न रहें। समुद्र किनारे बांध बनाने के लिए स्थायी रूप में राज्य सरकार जो योजना बनाएगी, उसमें केंद्र सरकार मदद करेगी। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ओडिशा में चक्रवात यास से प्रभावित कई जिलों का दौरा किया था।

गौरतलब है कि चक्रवात 'यास' से प्रभावित उत्तरी ओडिशा में अब बाढ़ की स्थिति काफी हद तक नियंत्रण में है। बालेश्वर और मयूरभंज जिले में उत्पन्न बाढ़ जैसे हालत में अब धीरे-धीरे सुधार हो रहा है। बूढ़ाबलंग, सुवर्णरेखा, वैतरणी नदी सहित अन्य नदियों का जलस्तर भी कम हो रहा है। बालेश्वर जिले के राजघाट के पास सुवर्णरेखा नदी का जलस्तर खतरे के निशान से कम है। यहां खतरे का निशान 10.36 मीटर है, जबकि वर्तमान में नदी यहां 8.6 मीटर में बह रही है। जल संपदा विभाग की तरफ से शनिवार को चक्रवात के कारण हुए नुकसान पर जानकारी दी गई। बताया गया कि तटबंधों को विशेष नुकसान नहीं हुआ है। केवल काणी नदी में एक जगह तटबंध टूट गया था। उसे मरम्मत करने का कार्य चल रहा है। इसके अलावा समुद्री ज्वार के कारण बस्ता, बालिआपाल इलाके में कई जगह समुद्र का जल निचले इलाकों में भर गया था। तूफान से हुए नुकसान का अभी आकलन किया जा रहा है। जल संपदा विभाग ने स्पष्ट किया है कि राज्य में इस समय कहीं भी बाढ़ जैसी कोई स्थिति नहीं है।