कोरोना संक्रमण के दौर में ऑनलाइन पढ़ाई ही विकल्‍प, जानें इसके फायदे व नुकसान

 

Online Education Benefits, Jharkhand Samachar कोरोना काल में छात्रों के बीच डिजिटल विभाजन हो गया है।

कोरोना काल में छात्रों के बीच डिजिटल विभाजन हो गया है। कोई ऑनलाइन सुविधायुक्त तो कोई इससे महरूम है। स्कूलों को समझ में नहीं आ रहा है कि ऐसी स्थिति में वे छात्रों को कैसे पढ़ाएं।

रांची, सं।  कोरोना वायरस ने एजुकेशन सिस्टम को पूरी तरह से बदल कर रख दिया है। एक साल से अधिक हो गए, बच्चों ने स्कूल नहीं देखा है। पहले जहां स्कूल प्रबंधन अभिभावकों को नसीहत देते थे कि बच्चों को मोबाइल से दूर रखें, वहीं अब नामांकन के साथ ही मोबाइल या लैपटॉप को रखना अनिवार्य बता रहे हैं। ऐसे में एक नई चीज भी देखने को मिल रही है, वह है छात्रों के बीच डिजिटल विभाजन। कोई ऑनलाइन सुविधायुक्त है तो कोई इससे महरूम। स्कूलों को समझ में नहीं आ रहा है कि ऐसी स्थिति में वे छात्रों को कैसे पढ़ाएं।

हजारों बच्चे ऐसे हैं जिनके स्कूल में ऑनलाइन क्लास तो चल रही है, लेकिन वे या तो पढ़ाई नहीं कर पा रहे हैं या कर भी रहे हैं तो उसका समुचित फायदा नहीं मिल पा रहा है। कारण तरह-तरह के हैं। कहीं इंटरनेट की समस्या तो किसी के पास मोबाइल व लैपटॉप नहीं। स्मार्टफोन है तो इंटरनेट की स्पीड काम लायक नहीं। किसी के पास छोटे बच्चों के साथ बैठने का समय नहीं है तो किसी बच्चे को मोबाइल का स्क्रीन देखने से आंखों में समस्या शुरू हो गई है। समस्याएं तरह-तरह की हैं, बावजूद अभी ऑनलाइन क्लास का कोई और दूसरा विकल्प भी नहीं है। ऐसे में अभिभावक हों या शिक्षक या फिर छात्र, सभी ऑनलाइन को सुलभ व सुविधायुक्त होने की बात कर रहे हैं।

ऑनलाइन क्लास के फायदे

-बच्चों को स्कूल नहीं जाना पड़ रहा है। आने-जाने का समय बच रहा है।

-ऑनलाइन क्लासेस से शारीरिक थकान नहीं हो रही है। कारण, बच्चे घर पर ही पढ़ाई कर रहे हैं।

-ऑनलाइन स्टडी मैटेरियल्स होने से जब मन करे तब आप क्लास को डाउनलोड करके देख सकते हैं।

-बच्चे पूरे समय अपने माता-पिता के सामने रहते हैं। बात बच्चों की सुरक्षा की करें तो इस दृष्टिकोण से भी यह फायदेमंद है।

- घर में अभिभावक भी देख पा रहे हैं कि बच्चों को पढ़ाई में क्या समस्या आ रही है।

ऑनलाइन क्लास के नुकसान

-ऑनलाइन पढ़ाई में बच्चों को क्लास जैसा वातावरण नहीं मिल पा रहा है। इससे कहीं न कहीं संपूर्ण विकास प्रभावित होता है।

-बच्चे शिक्षकों के साथ इंटरेक्ट नहीं कर पाते हैं।

-अधिक समय तक मोबाइल, लैपटॉप व टैबलेट के उपयोग से आंखों पर इसका बुरा असर पड़ता है।

-लंबे समय तक मोबाइल के इस्तेमाल से कई बार वह गर्म हो जाता है और ऐसे में दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है।