5G मामले में 20 लाख रुपए का दंड लगने के बाद अब कही यह बात

 


दिल्ली उच्च न्यायालय ने जूही चावला और अन्य याचिकाकर्ताओं को कड़ी फटकार लगाई थीl

जूही चावला की 5G नेटवर्क को चुनौती देने वाली याचिका याचिका दिल्ली उच्च न्यायालय ने निरस्त करते हुए 20 लाख रुपए का दंड भी लगाया थाl इसके अलावा दिल्ली उच्च न्यायालय ने इसे एक पब्लिसिटी स्टंट भी बताया था और कानून का दुरुपयोग करने की भी बात कही थीl

नई दिल्ली,  जूही चावला ने 5G नेटवर्क मामले में उच्च न्यायालय से फटकार लगने के बाद अब अपना पक्ष रखा है और बताया है कि उन्होंने याचिका क्यों दायर की थीl अभिनेत्री जूही चावला ने बुधवार को सोशल मीडिया पर एक मैसेज शेयर किया हैl इसमें उन्होंने 5G वायरलेस नेटवर्क को लेकर भारत में उनकी स्थिति पर अपना पक्ष रखा है और उन्होंने बताया है कि क्यों उन्होंने यह याचिका दायर की थीl

दिल्ली उच्च न्यायालय ने पिछले दिनों 5G नेटवर्क को चुनौती देने वाली उनकी याचिका निरस्त करते हुए 20 लाख रुपए का दंड भी लगाया थाl इसके अलावा दिल्ली उच्च न्यायालय ने इसे एक पब्लिसिटी स्टंट भी बताया था और कानून का दुरुपयोग करने की भी बात कही थीl अब जूही चावला ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो मैसेज जारी किया हैl इसमें वह कह रही है कि पिछले कुछ दिनों में शोर के बीच महत्वपूर्ण संदेश खो गया हैl

जूही चावला कह रही है, 'हेलो, पिछले कुछ दिनों में बहुत ज्यादा शोर थाl मैं अपने आपको भी नहीं सुन पाईl इस शोरगुल के चलते मुझे लगा कि बहुत ही महत्वपूर्ण संदेश खो गया है और हम 5G के विरुद्ध नहीं हैंl हम उसका स्वागत करते हैंl कृपया लेकर आइएl' जूही चावला ने यह भी कहा, 'हम अधिकारियों से मात्र इतना जानना चाहते हैं कि क्या 5G सुरक्षित है? इसे वह सर्टिफाई कर देंl कृपया कर वह अपना अध्ययन और रिसर्च सार्वजनिक करें ताकि जो मन में डर बैठा हुआ है वह खत्म हो जाए ताकि हम लोग अच्छे से सो सकेंl हम जानना चाहते हैं कि क्या यह बच्चों के लिए सुरक्षित है? क्या यह गर्भवती महिलाओं के लिए सुरक्षित है? क्या यह बूढ़े और अजन्मे बच्चों के लिए सुरक्षित है? क्या यह प्रकृति के लिए सुरक्षित है?'

जूही इन प्रश्नों के उत्तर चाहती हैंl गौरतलब है कि दिल्ली उच्च न्यायालय ने जूही चावला और अन्य याचिकाकर्ताओं को कड़ी फटकार लगाते हुए 5जी से जुड़ी याचिका ना सिर्फ निरस्त कर दी थी बल्कि इसे पब्लिसिटी स्टंट भी बताया था।