बीते 24 घंटों के दौरान देश में सामने आए कोरोना के 30093 मामले, चार माह में हैं सबसे कम

 


देश में कोरोना के मामले 4 माह के निचले स्‍तर पर

देश में कोरोना के मामले 4 माह के सबसे निचले स्‍तर पर आ गए हैं। बीते 24 घंटों के दौरान 30093 मामले सामने आए हैं। हालांकि केरल और महाराष्‍ट्र के मामले अब भी चिंता का सबब बने हुए हैं।

नई दिल्‍ली। भारत में लगातार कोरोना के मामलों में गिरावट दर्ज की जा रही है। देशवासियों के लिए ये एक राहत भरी खबर है। भारत सरकार के स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के मुताबिक देशभर में पिछले 24 घंटों के दौरान 30,093 मामले सामने आए, जिसके बाद देश में संक्रमितों की संख्‍या 3,11,74,322 हो गई है। आपको बता दें कि बीते 4 माह के दौरान सामने आए ये सबसे कम मामले हैं।

देश में अब एक्टिव मामलों की संख्‍या 4,06,130 हो गई है। वहीं बीते 24 घंटों के दौरान ठीक होने वाले मरीजों की संख्‍या 45,254 रही है। इसके बाद देश में ठीक होने वाले मरीजों की संख्‍या 3,03,53,710 पहुंच गई है। बीते 24 घंटों के दौरान देश में कोरोना संक्रमित 37 मरीजों ने दम भी तोड़ा है। इसके बाद ये आंकड़ा बढ़कर 4,14,482 तक पहुंच गया है। आपको बता दें कि बीते 24 घंटों के दौरान जहां केरल में सर्वाधिक मामले सामने आए हैं वहीं दादरा नगर हवेली और अंडमान निकोबार में सबसे कम मामले सामने आए हैं। गौरतलब है कि केरल और महाराष्‍ट्र में सामने आने वाले कोरोना के मामले लगातार केंद्र और राज्‍य सरकार के लिए चिंता की वजह बने हुए हैं। पिछले दिनों पीएम नरेंद्र मोदी ने ऐसे 6 राज्‍यों के सीएम से इस मुद्दे पर बातचीत की थी जहां पर अधिक मामले आ रहे हैं। केंद्र की तरफ से यहां पर विशेषज्ञों की एक टीम भी भेजी गई है। केंद्र लगातार इन सभी राज्‍यों पर निगाह रखे हुए है। 

पीएम ने इन सभी राज्‍यों को कहा है कि वो हर संसाधन का इस्‍तेमाल करें और यहां पर बढ़ते मामलों पर काबू पाएं। उन्‍होंने ये भी कहा था कि यदि यहां पर बढ़ते मामलों को नहीं रोका गया तो हालात खराब हो सकते हैं। उन्‍होंने पिछले दिनों इन राज्‍यों के सीएम के साथ हुई वर्चुअल बैठक के दौरान कहा था कि हर हाल में तीसरी लहर की आशंका को दूर करना हम सभी की जिम्‍मेदारी है। इसके लिए तेजी से काम करना होगा और केंद्र द्वारा दिए गए फंड का इस्‍तेमाल करते हुए स्‍वास्‍थ्‍य सेवाओं को अपने यहां पर सुधारना होगा। आपको बता दें कि देश के कुछ राज्‍यों में डेल्‍टा वैरिएंट के भी मामले सामने आ चुके हैं।