नदियों को लेकर अभिनेता नवाजुद्दीन ने साझा की अनोखी स्‍टोरी, बताया- जब उन्‍हें स्‍वीमिंग की वजह से फिल्‍म में मिला था काम


जागरूकता कार्यक्रम के दौरान अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी।

अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने काली नदी जागरूकता कार्यक्रम के दौरान एक अनोखी स्‍टोरी शेयर करते हुए बताया कि नदियों के कारण ही उन्‍हें मुम्‍बई में काम मिला था। उन्‍होंने लोगों से नदियों के जीणोद्धार को आगे आने की अपील की।

मेरठ। गांव औरंगाबाद में काली नदी जागरूकता अभियान के दौरान बोलते हुए बालीवूड अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने अपने बचपन का किस्‍सा साझा किया। उन्‍होंने बताया कि बचपन के दिनों में नदियों से कैसे लाभ मिलता था। साथ ही उन्‍होंने बताया कि नदियों में स्‍वीमिंग करने के कारण ही उन्‍हें मुम्‍बई में काम मिला था। कहा कि जब वे अपने शहर से मुम्‍बई गए थे तो उन्‍हें काम नहीं मिल रहा था। लेकिन एक फिल्‍म की कास्टिंग के दौरान उनसे पूछा गया था कि क्‍या उन्‍हें स्‍वीमिंग आती है? उनके हां में जवाब देने पर उन्‍हें कास्‍ट किया गया था।

अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि एक समय था जब नदियों में बच्चे मजे करते थे लेकिन, आज हमने सब खो दिया। हम लोगों ने कुछ ध्यान नहीं दिया। हमने नदियों को सूख जाने दिया। मुझे तो स्विमिंग करनी अपने इलाके की नदियों से आई थी। उन्होंने कहा चाहे मैं लंदन में शूटिंग कर रहा हूं, लेकिन नदी के लिए हर समय तैयार हूं। नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने कहा आप सब भी इसके लिए आगे आकर कार्य करें। इससे पहले उन्होंने रजपुरा ब्लाक के रसूलपुर औरंगाबाद में हुए क्लीन काली नदी प्रोजेक्ट कार्यक्रम में पौधरोपण किया गया। वहीं जिलाधिकारी के. बालाजी ने सभी विभागों को इस कार्य के लिए प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम के दौरान तमाम ग्रामीण नदी की सफाई और संरक्षण को लेकर आगे आए। उन्‍होंने कहा कि उनकी जब भी जरुरत होगी वे इसके लिए हमेशा तैयार रहेंगे।

दरअसर, हिंदी सिनेमा के मशहूर अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी सोमवार सुबह काली नदी की सफाई के लिए शुरू की गई अभियान का हिस्सा बने। अभिनेता रजपुरा विकासखंड क्षेत्र के गांव औरंगाबाद में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे। यहां उन्होंने अपने नदियों से जुड़ाव और फिल्मी सफर को लेकर बात की। साथी आमजन से नदियों की सफाई व संरक्षण को लेकर आगे आने की अपील भी की। जागरूकता कार्यक्रम के बाद अभिनेता मुम्‍बई जाने से पहले सीएचसी भावनपुरा पर कोरोना का टेस्‍ट भी करवाया। इससे पहले वे उन्‍होंने काली नदी पर पौधारोपण किया था। उन्‍होंने भरपूर आक्‍सीजन देने वाले पीपल का पौधा लगाया। इनके साथ मेरठ के डीएम के बालाजी, नीर फाउडेशन के रमन त्‍यागी, सीडीओ शंशाक चौधरी व अन्‍य मौजूद रहे।