पिंक व ग्रे लाइन पर सफर करते हैं तो जरुर पढ़ें यह खबर, DMRC देने जा रहा बड़ी राहत


पिंक व ग्रे लाइन के कारिडोर पर इस माह एक साथ शुरू होगा परिचालन

त्रिलोकपुरी से मयूर विहार पाकेट एक के बीच मेट्रो का ट्रायल भी शुरू हो जाएगा। पिंक लाइन का यह हिस्सा बहुत छोटा है। इसलिए ट्रायल में ज्यादा दिन नहीं लगेगा। जल्दी ही इस पर मेट्रो का परिचालन शुरू हो जाएगा।

नई दिल्ली । दिल्ली मेट्रो रेल निगम (Delhi Metro Rail Corporation) ने सोमवार को बताया कि ग्रे लाइन पर नजफगढ़ से ढांसा बस स्टैंड तक मेट्रो परिचालन के लिए तैयार है। वहीं पिंक लाइन के बीच के हिस्से (त्रिलोकपुरी-मयूर विहार पाकेट एक कारिडोर) पर भी ओवर हेड इक्विपमेंट (ओएचई) लगाने और उसे त्रिलोकपुरी-शिव विहार कारिडोर व मयूर विहार पाकेट एक-मजलिस पार्क कारिडोर से जोड़ने का काम शुरू हो गया है। यह काम चार दिन में पूरा हो जाएगा। इसलिए त्रिलोकपुरी-मयूर विहार पाकेट एक कारिडोर पर भी तैयारी अंतिम चरण में है।

लिहाजा डीएमआरसी (DMRC) दोनों कारिडोर पर इस माह एक साथ परिचालन शुरू करने की तैयारी में है। दरअसल, 58.59 किलोमीटर लंबी पिंक लाइन पर मजलिस पार्क से मयूर विहार पाकेट एक के बीच और त्रिलोकपुरी से शिव विहार के बीच मेट्रो का परिचालन पहले से होता रहा है।

इन दोनों कारिडोर के बीच के मयूर विहार पाकेट एक से त्रिलोकपुरी के बीच 290 मीटर के कारिडोर का पहले निर्माण नहीं हो पाया था, जो अब तैयार हो चुका है। सोमवार को इसके ओवर हेड इक्विपमेंट (ओएचई) को जोड़ने का काम शुरू किया गया है। इस वजह से त्रिलोकपुरी मेट्रो स्टेशन से आइपी एक्सटेंशन व मयूर विहार पाकेट एक स्टेशन से मयूर विहार फेज एक स्टेशन के बीच मेट्रो का परिचालन रोक दिया गया है। ये स्टेशन 15 जुलाई तक बंद रहेंगे। ओएचई का काम पूरा होने पर ये स्टेशन 16 जुलाई को खोज दिए जाएंगे।

इसके साथ ही त्रिलोकपुरी से मयूर विहार पाकेट एक के बीच मेट्रो का ट्रायल भी शुरू हो जाएगा। पिंक लाइन का यह हिस्सा बहुत छोटा है। इसलिए ट्रायल में ज्यादा दिन नहीं लगेगा। जल्दी ही इस पर मेट्रो का परिचालन शुरू हो जाएगा। इससे पिंक लाइन के पूरे हिस्से पर शिव विहार से मजलिस पार्क तक मेट्रो उपलब्ध जाएगी। दूसरी ओर ग्रे लाइन पर अभी द्वारका से नजफगढ़ के बीच मेट्रो का परिचालन हो रहा है। इस कारिडोर का ढांसा बस स्टेंड तक विस्तार किया गया है।इसके लिए नजफगढ़ से ढांसा बस स्टैंड तक बने 1.18 किलोमीटर के भूमिगत कारिडोर पर पिछले दिनों मेट्रो रेल संरक्षा आयुक्त (सीएमआरएस) ने सुरक्षा मानकों की जांच की थी। इसे बाद इस कारिडोर पर परिचालन के लिए डीएमआरसी को मंजूरी मिल गई है।