काउंसिलिंग के लिए तीन तारीख पर परिवार परामर्श केंद्र नहीं पहुंचे तो दर्ज होगा मुकदमा


एडीजी जोन ने काउंसलर और परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी के साथ की बैठक।

 एडीजी जोन ने काउंसलर और परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी के साथ की बैठक। बेस्ट काउंसलर को किया जाएगा सम्मानित काउंसिलिंग प्रक्रिया में होगा सुधार। रोस्टर के आधार पर काउंसलर की एकल व डबल बेंच सुनवाई करेगी। बेंच एक दिन में तीन मामले ही सुनेगी।

आगरा,  संवाददाता। परिवार परामर्श केंद्र के नोटिस के बाद काउंसिलिंग के लिए तीन तारीख पर नहीं पहुंचने वालों के खिलाफ अब मुकदमा दर्ज किया जाएगा। पति-पत्नी के बीच सुलह की प्रक्रिया को आसान बना उन्हें राहत देने के लिए नई व्यवस्था की गई है। रोस्टर के आधार पर काउंसलर की एकल व डबल बेंच सुनवाई करेगी। बेंच एक दिन में तीन मामले ही सुनेगी। साथ काउंसलर के रूप में 50 फीसद महिलाएं होंगी।

एडीजी जोन राजीव कृष्ण ने शनिवार को परिवार परामर्श केंद्र पहुुंचे। उन्होंने परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी और काउंसलर के साथ बैठक कर काउंसिलिंग की प्रक्रिया की जानकारी ली। परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी कमर सुल्ताना ने उन्हें बताया कि इस साल 986 प्रार्थना पत्र आए थे। जिसमें 137 का निस्तारण करते पति-पत्नी के बीच सुलह कराई। जबकि 45 मामलों में मुकदमे दर्ज कराए गए।

एडीजी ने काउंसलर से दंपतियों के मामले के जल्द निस्तारण के संबंध में सुझाव मांगे। जिसके बाद उन्होंने निस्तारण के लिए एकल व डबल बेंच बनाने के निर्देश दिए। रोस्टर के तहत एक दिन में तीन मामलों की सुनवाई करने की कहा। एडीजी ने परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी कमल सुल्ताना को निर्देश दिया कि यदि कोई पक्ष तीन तारीख पर नहीं आता है, उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की संस्तुति की जाए।

जोन के काउंसलर का बनेगा वाट्स एप ग्रुप

एडीजी ने बताया कि जोन के काउंसलर का एक वाट्स एप ग्रुप बनाया जाएगा। काउंसलर के कार्य के मूल्यांकन किया जाएगा। जिसके आधार पर उन्हें बेस्ट काउंसलर का पुरस्कार दिया जाएगा। एडीजी के साथ बैठक में एसएसपी मुनिराज जी, एसपी प्रोटोकाल शिवराम यादव, काउंसलर डाक्टर शिव कुमार, डाक्टर आलोक सिंह तोमर, डाक्टर अमित गौर, डाक्टर विजय कुमार, डाक्टर आशुतोष भंडारी और डाक्टर सोमनाथ जैसल मौजूद रहे।