गणतंत्र दिवस की कड़वी यादें भुला स्वतंत्रता दिवस मनाएगा लालकिला

 


Independence Day Celebration 2021: गणतंत्र दिवस की कड़वी यादें भुला स्वतंत्रता दिवस मनाएगा लालकिला

तीनों केंद्रीय कृषि कानूनों के विरोध में हुए प्रदर्शन के दौरान लालकिला में गत 26 जनवरी को जो तोड़फोड़ की थी भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने स्वतंत्रता दिवस पर इसे ठीक करा लिया है।

नई दिल्ली। गणतंत्र दिवस की कड़वी यादें भुला देश की शान लालकिला अब स्वतंत्रता दिवस मनाएगा। कृषि कानूनों के विरोध में हुए प्रदर्शन के दौरान लालकिला में गत 26 जनवरी को जो तोड़फोड़ की थी, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने स्वतंत्रता दिवस पर इसे ठीक करा लिया है। दर्द भुलाकर लालकिला अब स्वतंत्रता दिवस का जश्न मनाने को तैयार है। अब इसे इंतजार है राष्ट्रीय आयोजन का, जब अनेक विभूतियां यहां एकत्रित होंगी। प्रधानमंत्री यहां आकर राष्ट्र को संबोधित करेंगे।

गणतंत्र दिवस को हुए उपद्रव से 400 साल पुराने स्मारक लाल किले को काफी नुकसान पहुंचाया गया था। उपद्रवियों ने लाल किले के टिकट काउंटर को तहस-नहस कर दिया था। वहां लगा पूरा कांच, कंप्यूटर, सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए थे। पर्यटकों के किला में प्रवेश के लिए लगाए गए सभी सात टर्नस्टाइल गेट (टोकन डालने पर खुलने वाले आटोमेटेड गेट) तोड़ दिए थे। लाइट के साथ तोड़फोड़ की गई थी। गत 26 जनवरी को हुई शर्मसार कर देने वाली वह घटना देश के लोगों को याद है जब उपद्रवियों ने लालकिला पर कब्जा कर लिया था।

इतना ही नहीं, लालकिला के मुकुट कहे जाने वाले यानी सबसे ऊपरी भाग में लाहौरी गेट पर सात गुंबदों पर लगे कलशों के बीच हर समय लहराने वाले तिरंगे के साथ उपद्रवियों ने अपना झंडा लगा दिया था। इन सात कलशों में से तिरंगे के दोनों ओर वाले दो गुंबदों से उपद्रवियों ने कलश भी उतार लिए थे।

बता दें कि उस दौरान तत्कालीन केंद्रीय संस्कृति और पर्यटन मंत्री प्रह्लाद पटेल ने भी उस समय मौके पर पहुंचकर घटना पर दुख व्यक्त किया था। इस मामले की रिपोर्ट भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआइ ) ने गृह मंत्रलय को सौंपी थी। हालांकि गुंबद से निकाले गए दोनों कलश उपद्रवी ले जा नहीं पाए थे। वे कुछ दिन बाद लालकिला परिसर में रखे मिल गए थे। अब सभी तरह की तोड़फोड़ एएसआइ ने ठीक करा ली है। टर्नस्टाइल गेट ठीक करा लिए हैं। लाइटें व सीसीटीवी ठीक हो चुके हैं। निकाले गए दोनों कलश भी कुशल कारीगरों से लगवा दिए गए हैं।