स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री का लाल किले से देश को नया संदेश, जानिए PM मोदी के संबोधन की 10 बड़ी बातें


जानिए पीएम मोदी के संबोधन की 10 बड़ी बातें।(फोटो: एएनआइ)
लाल किले की प्राचीर से आज 8 वीं बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र को संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने कहा- सबका साथ-सबका विकास-सबका विश्वास और अब सबका प्रयास हमारे हर लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। पीएम मोदी के संबोधन की बड़ी बातें।

नई दिल्ली, एजेंसियां। देश आज 75वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा फहराया। इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज लाल किले की प्राचीर से 8वीं बार देश के नाम अपना संबोधन दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 7.30 बजे अपना संबोधन शुरू किया। इस मौके पर प्रधानमंत्री ने देश को लालकिले से इसबार नया संदेश दिया है। पीएम मोदी ने देश के वीर जवानों को श्रद्धांजलि देने के साथ राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, जवाहर लाल नेहरू, डा. बीआर अंबेडकर को भी याद किया। जानिए पीएम मोदी के संबोधन की 10 बड़ी बातें..

1. पीएम मोदी ने आज देश को सबका साथ सबका विकास के साथ सबका विश्वास के साथ सबका प्रयास का नारा दिया। उन्होंने कहा कि देश के नागरिकों यानी सबका प्रयास के बिना यह प्रयास अधूरा रहेगा। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमें अभी से जुट जाना है। हमारे पास गंवाने के लिए एक पल भी नहीं है। यही समय है, सही समय है। बदलते हुए युग के अनुकूल हमें भी अपनेआप को ढालना होगा।

2. इस दौरान पीएम मोदी ने कहा कि अमृत काल 25 वर्षों का है, लेकिन हमें अपने लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए इंतजार नहीं करना है। हमारे पास गंवाने के लिए एक पल भी नहीं है, सही समय है। हमें एक नागरिक के नाते भी अपने आपको भी बदलना होगा।

3. पीएम मोदी ने कहा कि भारत की विकास यात्रा में भी वो समय आ गया है। देश की आजादी के 75 वर्ष के मौकों को यूं ही नहीं जाने देना है बल्कि हमें अगले 25 वर्षों के लिए संकल्प लक्ष्य बनाने हैं। ताकि आजादी के शताब्दी वर्ष तक हम नई ऊंचाइयों पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि देश में विकास का नया बुनियादी ढांचा तैयार करना है।

4. पीएम मोदी ने कहा कि जल्द ही पूर्वोत्तर के हर क्षेत्र तक रेल लाइनें बिछ जाएंगी, जिससे ये इलाका बांग्लादेश, म्यांमार और अन्य पड़ोसी देशों से जुड़ जाएगा। पीएम मोदी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में परिसीमन का कार्य चल रहा है, जल्द ही वहां विधानसभा चुनाव का रास्ता भी प्रशस्त होगा। लद्दाख में भी यूनिवर्सिटी का कार्य शुरू किया गया है।

5. इस दौरान पीएम मोदी ने कोरोना को लेकर भी बात की। उन्होंने कहा कि दुनिया के दूसरे हिस्सों की तुलना में भारत में कम संक्रमित मरीज हैं। हम ज्यादा नागरिकों को बचा सके हैं लेकिन ये पीठ थपथपाने का समय नहीं है। उन्होंने कहा कि यह कहना है कि कोरोना चुनौती नहीं थी, यह हमारे आगे के रास्तों को बंद करने वाली व्यवस्था बन जाएगी।

6. पीएम मोदी ने कहा कि हम कोरोना वैक्सीन के लिए किसी और देश पर निर्भर नहीं हैं। भारत के पास अपनी वैक्सीन नहीं होती तो क्या होता। पोलियो वैक्सीन पाने में काफी जद्दोजहद करनी पड़ी थी। दुनिया का सबसे बड़ा वैक्सीनेशन कार्यक्रम देश में चल रहा है। 54 करोड़ से ज्यादा वैक्सीन डोज लग चुकी है। कोविन कार्यक्रम को भी उन्होंने सराहा। कोरोना महामारी के समय 80 करोड़ लोगों को निशुल्क अनाज देकर उनके घरों के चूल्हे को जलाकर रखा है।

7. पीएम मोदी ने कोराना काल में लगातार सेवाएं देने वाले डॉक्टरों, चिकित्साकर्मियों, सफाई कर्मियों, वैक्सीन निर्माताओं और सभी हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्करों को भी उनकी सेवाओं के लिए धन्यवाद दिया। पीएम मोदी ने देश की युवा पीढ़ी का गौरव बढ़ाने वाले टोक्यो ओलंपिक के खिलाड़ियों का स्वागत किया।

8. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि धारा 370 को बदलने का ऐतिहासिक फैसला हो, देश को टैक्स के जाल से मुक्ति दिलाने वाली व्यवस्था- GST हो, हमारे फौजी साथियों के लिए वन रैंक वन पेंशन हो, या फिर रामजन्मभूमि केस का शांतिपूर्ण समाधान, ये सब हमने बीते कुछ वर्षों में सच होते देखा है।

9. पीएम मोदी ने कहा कि किसानों की जमीन छोटी होती जा रही है। 80 प्रतिशत किसानों के पास 2 हेक्टेयर से भी कम जमीन है। 100 में से 80 किसान यानी देश का किसान एक तरीके से छोटा किसान है। देश में पहले जो नीतियां बनीं, उसमें छोटे किसानों पर जो नीतियां बननी चाहिए थी, उन पर जो ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए था, वह नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि छोटा किसान बने देश की शान, ये हमारा सपना है। आने वाले वर्षों में हमें देश के छोटे किसानों की सामूहिक शक्ति को और बढ़ाना होगा। उन्हें नई सुविधाएं देनी होंगी।

10. पीएम मोदी ने कहा कि आज सरकारी योजनाओं की गति बढ़ी है और निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त कर रही है। पहले की तुलना में हम तेजी से आगे बढ़े लेकिन सिर्फ यहां बात पूरी नहीं होती। अब हमें पूर्णता तक जाना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि जब सरकार ये लक्ष्य बनाकर चलती है कि हमें समाज के आखिरी पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचना है तो न कोई भेदभाव हो पाता है न ही भ्रष्टाचार की गुंजाइश रहती है। देश के हर गरीब व्यक्ति तक पोषण पहुंचाना भी सरकार की प्राथमिकता है।