15 सितंबर से खुलेगी जेएनयू की सेंट्रल लाइब्रेरी, जानिए कौन कर पाएगा उपयोग

 

ईमेल से कराना होगा पंजीकरण, 24 घंटे बाद जारी होंगी किताबें।

दिशानिर्देशों में कहा गया है कि अभी आशिंक रूप से लाइब्रेरी खोली जाएगी। सोमवार से शुक्रवार तक सुबह नौ से रात 12 बजे तक खुली रहेगी। जबकि शनिवार रविवार एवं अवकाश के दिन सुबह नौ से रात आठ बजे तक खुली रहेगी। अंतिम वर्ष के शोधार्थी लाइब्रेरी प्रयोग कर सकेंगे।

नई दिल्ली,  संवाददाता। कोरोना की दूसरी लहर के बाद पहली बार जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय की सेंट्रल लाइब्रेरी खुलेगी। विवि प्रशासन ने 15 सितंबर से लाइब्रेरी खोलने का निर्णय लिया है। फिलहाल अंतिम वर्ष के पीएचडी शोधार्थियों एवं फैकल्टी को ही प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। मास्क पहनना एवं शारीरिक दूरी का पालन अनिवार्य होगा। जेएनयू ने इस बाबत विस्तृत दिशानिर्देश भी जारी किया है।

दिशानिर्देशों में कहा गया है कि अभी आशिंक रूप से लाइब्रेरी खोली जाएगी। लाइब्रेरी सोमवार से शुक्रवार तक सुबह नौ से रात 12 बजे तक खुली रहेगी। जबकि शनिवार, रविवार एवं अवकाश के दिन सुबह नौ से रात आठ बजे तक खुली रहेगी। अंतिम वर्ष के शोधार्थी जिन्हें थीसिस जमा करनी हैं वो लाइब्रेरी प्रयोग कर सकेंगे।

24 घंटे बाद जारी होंगी किताबें

छात्र अब किताब जारी कराने एवं वापस लौटाने की सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। नए, पुराने छात्रों के साथ शोधार्थियों को जो किताब चाहिए उसकी जानकारी ईमेल पर लाइब्रेरी स्टाफ को देनी होगी। कर्मचारी किताबें निकाल कर काउंटर पर रख देंगे। 24 घंटे बाद लाइब्रेरी आकर छात्र किताबें जारी करा सकेंगे।

जेएनयू ने बताया कि यदि छात्रों द्वारा मांगी गई किताब लाइब्रेरी में उपलब्ध नहीं हैं तो ऐसी स्थिति में बाहर से व्यवस्था कर दो से सात दिनों के भीतर इश्यू की जाएगी। रीडिंग रुम 50 फीसद क्षमता के साथ खुलेंगे। किताबें सिर्फ सुबह दस से शाम पांच बजे के बीच जारी की जाएंगी।

लाइब्रेरी तुरंत खाली करें छात्र

जून महीने में कुछ छात्र जबरन सेंट्रल लाइब्रेरी खुलवाने पहुंच गए थे। इस दौरान सुरक्षाकर्मियों एवं छात्रों के बीच हाथापाई भी हुई थी। सुरक्षाकर्मियों की शिकायत पर दिल्ली पुलिस ने पांच छात्रों के खिलाफ मामला भी दर्ज किया। बावजूद इसके छात्रों का एक समूह लाइब्रेरी के एक हिस्से में जबरन पढ़ाई करने लगा। जेएनयू ने कहा है कि छात्र तत्काल लाइब्रेरी खोली करें। ताकि लाइब्रेरी को सैनिटाइज कराया जा सके। जेएनयू प्रशासन ने कहा कि यदि छात्र लाइब्रेरी खाली नहीं करते हैं तो ऐसी स्थिति में 15 सितंबर से छात्रों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा।