: नशीली दवा का कारोबार करने वाले चार दोषियों को 29-29 साल की सजा

 

नशीला दवा के चार कारोबारियों को 29-29 साल की सजा सुनाई गई।
जमशेदपुर के तत्कालीन ड्रग इंस्पेक्टर कुंज बिहारी ड्रग इंस्पेक्टर राजीव एक्का जया ग्लेडिस आइंद की टीम ने एक जुलाई 2020 को गोलमुरी थाना क्षेत्र टीसीआइ ट्रांसपोर्ट के पास छापेमारी की थी जहां से टेम्पो पर लोड 20 लाख रुपये मूल्य की नशीली दवा बरामद की थी।

जमशेदपुर,  संवाददाता। जमशेदपुर व्यवहार न्यायालय के अपर जिला व सत्र न्यायाधीश अजीत कुमार सिंह की अदालत में नशीला दवा का कारोबार करने वाले चार आरोपितों को ड्रग और कॉस्मेटिक्स और एनडीपीएस अधिनियम की चार सेक्शन में दोषी पाते हुए प्रत्येक को कुल 29-29 साल की सजा सुनाई गई। चारो सेक्शन के अनुसार दोषियों पर अलग-अलग कुल तीन लाख 40 हजार रुपये जुर्माने का आदेश भी हुआ।

दोषियों में साकची काशीडीह लाइन नंबर नौ के निवासी राजकुमार गुप्ता व उसके रिश्तेदार नीरज कुमार गुप्ता, बागबेड़ा सीपी टोला के धनंजय कुमार वर्मा व निखिल केसरी है। अदालत में अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक राजीव कुमार ने पुलिस रिपोर्ट पर मजबूती से पक्ष रखा। अपर लोक अभियोजक के अनुसार चारों दोषियों पर अधिनियम 25 (ए) में एक वर्ष सजा व 20 हजार जुर्माना, अधिनियम 22 (3) में तीन वर्ष सजा व 20 हजार जुर्माना, अधिनियम 27 (बी) में पांच वर्ष सजा व एक लाख जुर्माना और अधिनियम 22 (सी) में 20 वर्ष सजा व दो लाख जुर्माने का आदेश हुआ है। उन्होंने बताया कि चारों अधिनियम की सभी सजाएं एक साथ चलेंगी। आरोप पत्र के अनुसार अदालत में दो पुलिस पदाधिकारी, तीन ड्रग इंस्पेक्टर समेत 13 गवाहों का परीक्षण कराया था। गवाहों ने पुलिस की जांच रिपोर्ट एवं ड्रग विभाग के प्राथमिकी व जब्ती सूची का समर्थन किया। जब्त दवा की फोरेंसिक जांच रिपोर्ट में नशीला होने की पुष्टि हुई थी।

एक जुलाई 2020 को ड्रग विभाग ने गोलमुरी में की थी छापामारी, बरामद की थी नशीली दवा

जमशेदपुर के तत्कालीन ड्रग इंस्पेक्टर कुंज बिहारी, ड्रग इंस्पेक्टर राजीव एक्का, जया ग्लेडिस आइंद की टीम ने एक जुलाई 2020 को गोलमुरी थाना क्षेत्र टीसीआइ ट्रांसपोर्ट के पास छापेमारी की थी जहां से टेम्पो पर लोड 12 कार्टन में 20 लाख रुपये मूल्य का नशीली दवा (अल्प्राजोलम और ट्रामाडोल) दवा बरामद की थी। जांच के दौरान किसी तरह का कागजात नहीं दिखाने पर गोलमुरी थाना में ड्रग इंस्पेक्टर राजीव एक्का के बयान पर पुलिस ने एनडीपीएस अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। गोलमुरी थाना की पुलिस ने मामले में आरोपितों को गिरफ्तार किया था।