काबुल में पाकिस्तान विरोधी रैली पर तालिबानियों ने की फायरिंग, आइएसआइ के खिलाफ लोगों में गुस्सा


अमेरिका में भी पाकिस्तान के खिलाफ लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।

काबुल में राष्ट्रपति पैलेस के पास भारी संख्या में लोगों पाकिस्तान और आइएसआइ के चीफ के खिलाफ लोग प्रदर्शन कर रहे थे। इस दौरान वहां मौजूद तालिबान के लड़ाकों ने फायरिंग शुरू कर दी। फिलहाल लोगों के मारे जाने की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है।

काबुल, एजेंसी। अफगानिस्तान पर कब्जे के लिए तालिबान की मदद करने को लेकर पाकिस्तान के खिलाफ काबुल से लेकर अमेरिका तक में प्रदर्शन हो रहे हैं। इस बीच खबर है कि काबुल में पाकिस्तान के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे लोगों पर तालिबानियों ने फायरिंग की है। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आइएसआइ प्रमुख फैज हमीद के काबुल दौरे से अफगानिस्तान में बाहरी दखल को लेकर लोग गुस्से में हैं।

जानकारी के मुताबिक, काबुल में राष्ट्रपति पैलेस के पास भारी संख्या में लोगों ने पाकिस्तान और आइएसआइ के चीफ के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान वहां मौजूद तलिबान के लड़ाकों ने फायरिंग शुरू कर दी। फिलहाल लोगों के मारे जाने या घायल होने की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है।

वहीं, दूसरी तरफ अफगानिस्तान के बल्ख प्रांत में महिलाओं ने देश की भावी सरकार में उन्हें भी प्रतिनिधित्व देने की मांग की है। एक महिला संगठन का कहना है कि पिछले बीस सालों में महिलाओं के योगदान को मान्यता देने का यही सही तरीका है। प्रदर्शनकारी महिलाओं ने कहा कि अफगान महिलाओं को सरकार में सक्रिय साझेदारी मिलनी चाहिए। नई सरकार बिना महिलाओं के बनाने में कोई समझदारी नहीं है।

बता दें कि तालिबान ने अफगानिस्तान में नई सरकार के गठन का जल्द एलान करने का भरोसा दिलाया है। तालिबान की तरफ से नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह के लिए पाकिस्तान, चीन, रूस, ईरान, कतर और तुर्की जैसे देशों को न्योता भेजे जाने की खबर है। बता दें कि चीन तालिबान के साथ मिलकर काम कर रहा है और उसने पाकिस्तान और रूस के साथ काबुल में अपने दूतावास को चालू रखा है। काबुल में उसके राजदूत वांग यू ने सोमवार को तालिबान के राजनीतिक कार्यालय के उप प्रमुख मावलावी अब्दुल सलाम हनिफी से मुलाकात भी की।