पटना में रामविलास पासवान की पहली बरसी पर टूटीं दलीय सीमाएं; चिराग का आरोप- CM नीतीश ने अस्‍वीकार किया निमंत्रण

 

राम विलास पासवान की पहली बरसी पर श्रद्धांजलि देते चिराग पासवान। तस्‍वीर: जागरण
 चिराग पासवान द्वारा रामविलास पासवान की पहली बरसी पर पटना में आयोजित कार्यक्रम में दलों की सीमाएं टूटीं। तेजस्‍वी यादव का इंतजार जारी है। जबकि मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार ने आमंत्रण अस्‍वीकार कर दिया। चिराग ने पीएम मोदी को उनके भावुक संदेश के लिए धन्‍यवाद दिया।

पटना।लोक जनशक्ति पार्टी  के संस्थापक रामविलास पासवान  की पहली बरसी  के अवसर पर रविवार को पटना में आयोजित कार्यक्रम में दलों की सीमाएं टूटती दिख रहीं हैं। राम विलास पासवान के निधन के बाद एलजेपी में विद्रोह कर पार्टी को दो-फाड़ करने वाले उनके भाई पशुपति कुमार पारस  भी चिराग पासवान के साथ खड़े नजर आ रहे हैं। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  ने भी भावभीनी श्रद्धांजलि दी है। श्रद्धांजलि देने वालों में मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार  भी शामिल हैं। हालांकि, चिराग पासवान ने बड़ा आरोप लगाते हुए यह कहा है कि मुख्‍यमंत्री आवास पर जब कार्यक्रम का निमंत्रण देने की कोशिश की गई, तब संभवत: इसे स्‍वीकार नहीं किया गया।

दलीय सीमाओं को दरकिनार कर पहुंच रहे लोग

चिराग पासवान ने रविवार को पटना के श्रीकृष्‍णपुरी स्थित आवास पर पिता राम विलास पासवान की पहली बरसी पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया है। अपराह्न काल में चल रहे इस कार्यक्रम की खास बात यह है कि इसमें दलीय विरोध को परे रखकर पासवान परिवार एक मंच पर नजर आ रहा है। कार्यक्रम में एलजेपी को दो-फाड़ कर चिराग पासवान को मुश्किल में डालने वाले उनके चाचा पशुपति पारस साथ दिख रहे हैं। बिहार के राज्यपाल फागू चौहान ने पहुंच कर श्रद्धांजलि दी। दलीय सीमाओं को दरकिनार कर राष्‍ट्रीय जनता दल नेता अब्दुल बारी सिद्धक्की व श्याम रजक व आरजेडी प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी तथा एआइएमआइएम के विधायक अख्तरुल ईमान समेत कई राजनेता पहुंचे। सांसद वीणा देवी, महबूब अली कैसर, विधायक सलाउद्दीन अली कैसर, संजय पासवान, देवेंद्र यादव भी पहुंचे।

सीएम नीतीश ने निमंत्रण को कर दिया अस्‍वीकार

इस अवसर पर चिराग पासवान ने कहा कि यह राम विलास पासवान के व्‍यक्तित्‍व व कृतित्‍व का ही असर है कि आज इतनी बड़ी संख्‍या में लाेग श्रद्धांजलि देने आए हैं। चिराग ने आगत अति‍थियों का स्‍वागत किया। उन्‍होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भावुक श्रद्धांजलि संदेश के लिए  उनका आभार  प्रकट किया। साथ हीं यह भी कहा कि मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार  ने उन्‍हें मिलने का समय नहीं दिया, संभवत: उनके भेजे निमंत्रण पत्र को भी सीएम आवास पर स्‍वीकार नहीं किया गया। फिर भी उन्‍होंने वाट्सऐप पर निमंत्रण दिया है। चिराग पासवान ने कहा कि उन्‍हें उम्मीद थी कि मुख्‍यमंत्री आएंगे, लेकिन वे नहीं आए हैं। उन्‍होंने केवल डेढ़ लाइन का शोक संदेश जारी किया है। जबकि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दो पन्ने में चिट्ठी लिखकर श्रद्धांजलि दी है।  चिराग ने पीएम मोदी की केंद्र सरकार से रामविलास पासवान को भारत रत्न देने की मांग फिर दुहराई।

तेजस्‍वी के आने की उम्‍मीद, नीतीश पर निगाहें

कार्यक्रम में तेजस्‍वी यादव के पहुंचने की उम्‍मीद है। चिराग पासवान ने मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार के निमंत्रण अस्‍वीकार करने की बात तो कही है, लेकिन यह भी कहा है कि उनका इंतजार रहेगा। ऐसे में वे आते हैं या नहीं, नजरें इसपर भी टिकीं हैं। चिराग पासवान ने बताया कि यह गैर राजनीतिक कार्यक्रम है, इसलिए उन्‍होंने राम विलास पासवान के साथ काम करने वाले तथा उनके संपर्क में रहे सभी नेताओं को बुलाया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  तथा कांग्रेस अध्‍यक्ष सोनिया गांधीको भी बुलाया है।

पीएम नरेंद्र मोदी व सीएम नीतीश ने दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तो कार्यक्रम में नहीं पहुंचे हैं, लेकिन उन्‍होंने रामविलास पासवान को अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि दी है। प्रधानमंत्री ने पासवान को महान सपूत, सामाजिक न्याय का मसीहा तथा बिहार का गौरव बताया है। श्रद्धांजलि देते हुए पीएम मोदी ने कहा कि यह उनके लिए बहुत भावुक दिन है। वे आज रामविलास पासवान को न केवल अपने आत्मीय मित्र के रूप में याद कर रहे हैं, बल्कि उनके निधन से भारतीय राजनीति में पैदा हुए शून्य को भी अनुभव कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में रामविलास पासवान की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि अपने लंबे सार्वजनिक जीवन में उन्‍होंने जो भी जिम्मेदारी संभाली, उस क्षेत्र को सकारात्मक दिशा देने का काम किया। इस अवसर पर मुख्‍यमंत्री कार्यालय से जारी बयान में बताया गया है कि मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार ने पूर्व केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान को उनकी पहली बरसी पर श्रद्धांजलि दी है।