उत्तर प्रदेश कांग्रेस को लेकर बेहद गंभीर प्रियंका गांधी वाड्रा बोलीं- UP में बनाए जाएंगे चार वर्किंग प्रेसीडेंट

 

कांग्रेस को फिर से मुख्यधारा में लाने के प्रयास में लगीं पार्टी की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका वाड्रा
प्रियंका गांधी वाड्रा ने शनिवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के पार्टी के नेताओं व कार्यकर्ताओं से भेंट की। इस दौरान उन्होंने सभी से साफ कहा कि उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव नजदीक हैं। इसको देखते हुए सभी कार्यकर्ता 24 घंटे पार्टी के काम को करें।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजनीति में कांग्रेस को फिर से मुख्यधारा में लाने के प्रयास में लगीं पार्टी की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका वाड्रा प्रदेश के संगठन की कायापलट को लेकर बेहद गंभीर हैं। उत्तर प्रदेश में 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव में पार्टी की तैयारी को परखने के लिए लगातार दूसरे दिन मैराथन बैठक में व्यस्त प्रियंका गांधी से सभी से स्पष्ट कर दिया है कि उत्तर प्रदेश कांग्रेस के लिए विधानसभा चुनाव 2022 काफी अहम है।

लखनऊ में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्यालय में शुक्रवार से मैराथन बैठक कर रहीं प्रियंका गांधी वाड्रा ने शनिवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के पार्टी के नेताओं व कार्यकर्ताओं से भेंट की। इस दौरान उन्होंने सभी से साफ कहा कि उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव नजदीक हैं। इसको देखते हुए सभी कार्यकर्ता 24 घंटे पार्टी के काम को करें। उन्होंने कहा कि मजबूत संगठन पार्टी के लिए ही नहीं देश निर्माण के लिए जरूरी है। हम प्रदेश में अपने संगठन को मजबूत करने के लिए चार वर्किंग प्रेसीडेंट की नियुक्ति करेंगे। इनका कद प्रदेश अध्यक्ष के बराबर ही होगा। इन चारों के नाम की घोषणा जल्द ही होगी। उन्होंने कहा कि चार वर्किंग प्रेसिडेंट अलग-अलग जातियों से बनाए जाएंगे। माना जा रहा है कांग्रेस सभी जातियों को साधने के अभियान में लगी है।

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प्रदेश कार्यालय पर कांग्रेस जोनवार सांगठनिक बैठक को लेकर पार्टी की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी ने चुनाव, संगठन निर्माण और पार्टी के अभियानों पर गहन चर्चा की। इस दौरान उन्होंने एक-एक पदाधिकारी से रिपोर्ट व फीडबैक लिया। प्रियंका गांधी ने इन सभी से संगठन के कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ जमीनी रुझानों पर भी चर्चा की। वह हर गांव में कांग्रेस की स्थिति की रिपोर्ट ले रही हैं। उन्होंने पश्चिमी उत्तर प्रदेश के के 96 ब्लाकों 874 न्याय पंचायतों की समीक्षा की। इसके साथ ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसान आंदोलन पर चर्चा की। पश्चिमी उत्तर प्रदेश की चुनावी रणनीति पर मंथन किया। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बाद उनकी संगठन समीक्षा में रुहेलखंड जोन के नेता व कार्यकर्ताओं के साथ की मैराथन बैठक चली। इसमें उन्होंने 85 ब्लाकों के 823 न्याय पंचायतों की रिपोर्ट ली।