आखिर कैसे दिल्ली का यह शख्‍स मेट्रो स्टेशन पर गवां बैठा 1 लाख रुपये

 

Delhi Metro News: आखिर कैसे दिल्ली का यह शख्‍स मेट्रो स्टेशन पर गवां बैठा 1 लाख रुपये
एक यात्री इस कदर जल्दबाजी में था कि वह अपना एक लाख रुपये से भरा बैग चेक प्वाइंट पर लगे बैगेज स्कैनर के आउटपुट रोलर पर भूल गया। बाहर निकलने के दौरान उसे इसका एहसास भी नहीं रहा कि वह एक लाख रुपये गंवा चुका है।

नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क। दिल्ली मेट्रो स्टेशन परिसर में यात्रियों द्वारा कैश और कीमती सामान भूल जाने की खबरें लगातार सामने आती रहती हैं। ऐसे में स्टेशन परिसर में मौजूद केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल  के जवान अपनी इमानदारी का परिचय देते हुए यात्रियों सामान और पैसा लौटाते रहते हैं। इसी कड़ी में सीआइएसएफ के कर्मचारियों द्वारा इमानदारी की मिसाल पेश करने का एक और मामला सामने आया है, जिसमें उन्होंने गलती से भूले एक यात्रा को एक लाख रुपये लौटाया है। पूरा मामला इसी सोमवार का है। सीआइएसएफ के जवानों की इस नेक काम की जमकर तारीफ हो रही है। पूरा मामला ब्लूलाइन के द्वारका सेक्टर-21 मेट्रो स्टेशन का है और जिनका बैग था वह दिल्ली के आनंद विहार के रहने वाले मनीष हैं।

यात्री बैगेज स्कैनर के आउटपुट रोलर पर भूला एक लाख रुपये

मिली जानकारी के मुताबिक, एक यात्री सोमवार को इस कदर जल्दबाजी में था कि वह अपना एक लाख रुपये से भरा बैग चेक प्वाइंट पर लगे बैगेज स्कैनर के आउटपुट रोलर पर भूल गया। बाहर निकलने के दौरान उसे इस बात का एहसास भी नहीं रहा कि वह अपने एक लाख रुपये गंवा चुका है। 

जांच में जुटे सीआइएसएफ कर्मचारियों/जवानों ने पाया कि एक बैग बैगेज स्कैनर के आउटपुट रोलर पर है और उसे कोई लेने नहीं आ रहा है। सकते में आए जवानों ने उस बैग की जांच पड़ताल की तो उसमें एक लाख रुपये और अन्य कीमती सामान मिला। सतर्क जवानों ने आसपास के लोगों से पूछताछ की तो किसी ने भी बैग अपना नहीं बताया।  इस पर जवानों ने बैग को अपने कब्जे में ले लिया। इसके कुछ देर बाद यात्री आया तो उसे यह कीमती बैग लौटा दिया।

जांच के दौरान पता चला रुपये के बारे में

सुरक्षा जांच के दौरान जब बैग को दोबारा स्कैनर में डाला गया तो 1,08,000 रुपये और दो पासपोर्ट बरामद हुए। इसके बाद लावारिस मानकर सुरक्षाकर्मियों ने कीमती बैग स्टेशन कंट्रोलर के पास जमा करवा दिया। इसके साथ ही आसपास के स्टेशनों पर भी इस बैग बारे में अनाउंसमेंट करवा दी। सूचना पर आनंद विहार के रहने वाले मुनीष कुमार द्वारका सेक्टर-21 स्टेशन पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि जल्दबादी के चक्कर में वह अपना बैग वहीं भूलकर चले गए थे। इसके बाद सीसीटीवी फुटेज के जरिए किए गए सत्यापन में मनीष कुमार का दावा सही पाया गया। इस पर मनीष का उनका बैग लौटा दिया गया। मनीष ने इस पर प्रसन्नता जताते हुए डीएमआरसी और सीआइएसएफ जवानों का शुक्रिया अदा किया।