दिल्ली की सभी जिला अदालतों में 230 लोक अदालतों का आयोजन, 10 अक्टूबर को निपटाएं वाहन का चालान

 

यातायात पुलिस के सहयोग से 10 अक्टूबर को विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा।
दिल्ली राज्य विधिक सेवाएं प्राधिकरण द्वारा यातायात पुलिस के सहयोग से 10 अक्टूबर को विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान सभी वाहन चालक 30 जून 2020 तक के अपने सभी चालान (लाल बत्ती के चालान छोड़कर) का निपटारा करा सकेंगे।

नई दिल्ली, संवाददाता। दिल्ली राज्य विधिक सेवाएं प्राधिकरण (डीएसएलएसए) द्वारा यातायात पुलिस के सहयोग से 10 अक्टूबर को विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान दिल्ली की सभी जिला अदालतों में कुल 230 लोक अदालतों का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान सभी वाहन चालक 30 जून 2020 तक के अपने सभी चालान (लाल बत्ती के चालान छोड़कर) का निपटारा करा सकेंगे। लोक अदालत का आयोजन सुबह 10 से शाम चार बजे तक किया जाएगा।

इसके बारे में बात करते हुए डीएसएलएसए के सदस्य सचिव कंवलजीत अरोड़ा ने बताया कि चालान का निपटारा कराने के लिए वाहन स्वामी दिल्ली यातायात पुलिस की वेबसाइट पर लाग इन कर दिए गए लोक अदालत के लिंक से अपने चालान का प्रिंट आउट निकाल सकेंगे। प्रिंट आउट डाउनलोड करने के लिए लिंक सात अक्टूबर को सुबह 10 से आठ अक्टूबर को शाम पांच बजे या चालान की सीमा समाप्त होने तक उपलब्ध रहेगा।

सभी 230 लोक अदालतों में से प्रत्येक में 750 चालान लिए जाएंगे। प्रिंट आउट को दिखाकर वाहन स्वामी किसी भी कोर्ट में अपने चालान का निपटारा करा सकेंगे। प्रिंट आउट निकालने की सुविधा अदालत परिसर में उपलब्ध नहीं होगी। किसी भी सहायता के लिए 24 घंटे यातायात हेल्पलाइन नंबर (011-25844444) या 1095 की भी मदद ली जा सकती है।

उधर दिल्ली परिवहन विभाग ने सोमवार को एक सर्कुलर जारी कर वाहन ऋण प्रदाता बैंकों, वित्तीय संस्थानों और गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) को 31 अक्टूबर 2021 तक वाहन पोर्टल के साथ अपनी वाहन ऋण संबंधी सेवाओं को एकीकृत करने का निर्देश दिया है। इस सर्कुलर के बाद बैंकों और अन्य वित्तीय संस्थानों से हाइपोथीकेशन समाप्ति के लिए नो आब्जेक्शन सर्टिफिकेट (एनओसी) राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआइसी) के वाहन प्लेटफार्म पर केवल डिजिटल प्रारूप में प्राप्त किया जाएगा।

सर्कुलर में यह भी कहा गया है कि 1 नवंबर 2021 से वे बैंक या वित्तीय संस्थान जो वाहन पोर्टल के साथ डेटा को एकीकृत करने में विफल रहते हैं, उन्हें परिवहन विभाग के डेटाबेस में हाइपोथेकेशन के अपने डेटा को दर्ज करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसके अलावा, सर्कुलर बैंकों और वित्तीय संस्थानों को निर्देश देता है कि वे वाहन मालिक से एनओसी जारी करने के किसी भी अनुरोध की प्रतीक्षा न करें बल्कि ऋणी द्वारा ऋण चुकाने के तुरंत बाद खुद ही परिवहन विभाग के साथ सभी वाहनों का डेटा साझा करें।

हम पूरी तरह से फेसलेस होने की दिशा में उठा रहे कदम

दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने एक बयान में कहा कि हमने पिछले महीने हाइपोथीकेशन हटाने की अनुमति के लिए सभी बैंकों को अपने डेटा वाहन पोर्टल के साथ एकीकृत करने के लिए कहा था और मुझे यह देखकर खुशी हुई कि इस प्रक्रिया ने गति पकड़ ली है और लगभग पूरी हो गई है। यह एक बड़ा कदम है जो हम पूरी तरह से फेसलेस होने की दिशा में उठा रहे, और न केवल हमारे आरटीओ, बल्कि परिवहन विभाग द्वारा सेवाओं के वितरण में शामिल किसी भी स्थान पर लंबी कतारें अब देखने को नहीं मिलेंगी।