कानपुर कमिश्नरेट पुलिस के घोड़े बनेंगे ब्रांड अंबेसडर, विदेशी खरीदारों को करेंगे आकर्षित


कानपुर सैलडरी कारोबारियों ने कमिश्नरेट पुलिस से हाथ मिलाया।

एक साल में एक हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का माल निर्यात करने वाले सैलडरी उद्यमियों ने कमिश्नरेट पुलिस से हाथ मिलाया है। सैडलरी कारोबारियों के कैटलाग पर पुलिस विभाग के घोड़े नजर आएंगे और विदेश से आने वाले खरीदारों को आकर्षित करने के लिए उत्पाद घोड़ों पर सजाकर दिखाएंगे।

कानपुर। कानपुर के सैडलरी (घोड़े की काठी) उद्योग को दुनिया में और आगे बढ़ाने के लिए कमिश्नरेट पुलिस ने उद्यमियों से हाथ मिलाया हैं। अब पुलिस विभाग के घोड़े सैडलरी कारोबारियों के कैटलाग पर नजर आएंगे और दुनिया में सैडलरी के ब्रांड अंबेसडर बनेंगे। कानपुर से हर वर्ष एक हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का माल निर्यात होता है।

पूरे देश से दुनिया भर के विकसित देशों में सैडलरी का जो निर्यात होता है, उसका 75 फीसद निर्यात अकेले कानपुर से होता है। कानपुर एक तरह से सैडलरी का देश में गढ़ है। सैडलरी की वस्तुओं का निर्यात यूरोप, अमेरिका, आस्ट्रेलिया और अन्य विकसित देशों में होता है। इसकी वैश्विक मांग तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में कानपुर के कारोबारी भी अपने उत्पाद को और अधिक आकर्षक ढंग से बेचने की तैयारी में जुट गए हैं ताकि उनका हिस्सा और बढ़ सके। इसके लिए कानपुर कमिश्नरेट पुलिस और सैडलरी कारोबारियों ने हाथ मिलाए हैं। पुलिस विभाग के पास 19 घोड़े हैं। इनकी काठी व अन्य वस्तुएं काफी पुरानी हैं।इसे देखते हुए पुलिस आयुक्त ने सैडलरी के कारोबारियों को मीरपुर छावनी स्थित घुड़साल में बुलाया था। वहां उन्होंने हर वस्तु के विशेषज्ञों से घोड़ों और घुड़सवार के लिए उच्च श्रेणी का सामान देने के लिए कहा था। ऐसा घुड़सवार पुलिस टीम को मजबूत बनाने के लिए किया जा रहा है। इसके साथ ही पुलिस विभाग के घोड़ों पर उत्पाद सजाकर सैडलरी कारोबारी उनकी फोटो का कैटलाग बना सकेंगे और अपने पोर्टल व वेबसाइट पर भी डाल सकेंगे। जब भी कोई खरीदार आएगा तो कारोबारी पुलिस विभाग के घोड़ों पर अपने उत्पाद सजाकर दिखा सकेंगे। निर्यातकों संग हुई बैठक में भी पुलिस आयुक्त असीम अरुण खुद इस प्रोजेक्ट की जानकारी दे चुके हैं।

कानपुर में सैडलरी उद्योग की स्थिति

- 1,374 करोड़ रुपये का निर्यात पूरे देश से वित्तीय वर्ष 2020-21 में।

- 1,239 करोड़ रुपये का निर्यात उत्तर प्रदेश से वित्तीय वर्ष 2020-21 में।

- 1,054 करोड़ रुपये का निर्यात कानपुर से वित्तीय वर्ष 202021 में।

- 135 फीसद की ग्रोथ इस वित्तीय वर्ष में अप्रैल से जुलाई माह के बीच।

इन्होंने कही ये बात

-इससे जहां सैडलरी कारोबारियों को लाभ होगा वहीं पुलिस विभाग के घोड़े भी आधुनिक काठी के साथ सजेंगे। -असीम अरुण, पुलिस आयुक्त, कानपुर कमिश्नरेट।

-अभी तक कारोबारी अपने उत्पाद की फोटो ही दे पाते थे। अब वे खरीदारों को घोड़ों पर सजे उत्पाद दिखा सकेंगे। -ताज आलम, सैडलरी कारोबारी।

-पुलिस आयुक्त ने एक अच्छी पहल की है। इससे कानपुर का सैडलरी कारोबार पूरी दुनिया में और बढ़ेगा। -जावेद इकबाल, रीजनल चेयरमैन, काउंसिल फार लेदर एक्सपोर्ट।