रूस ने पहली बार पनडुब्बी से किया हाइपरसोनिक मिसाइल का सफल टेस्ट

 


रूस ने पहली बार पनडुब्बी से प्रक्षेपित हाइपरसोनिक त्सिरकोन मिसाइल का परीक्षण किया
रूस ने सोमवार को कहा कि उसने पहली बार पनडुब्बी से एक त्सिरकोन (जिरकोन) हाइपरसोनिक क्रूज मिसाइल  का सफलतापूर्वक परीक्षण किया है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने नई पीढ़ी के हिस्से के रूप में इसकी सराहना की है।

 मास्को, रायटर। रूस कई हाइपरसोनिक मिसाइलें विकसित कर रहा है। इसी कड़ी में उसने हाइपरसोनिक मिसाइल का पनडुब्बी से सफल परीक्षण किया है। रूस ने सोमवार को कहा कि उसने पहली बार पनडुब्बी से एक त्सिरकोन (जिरकोन) हाइपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफलतापूर्वक परीक्षण किया है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने नई पीढ़ी के हिस्से के रूप में इसकी सराहना की है।

रक्षा मंत्रालय ने कहा कि सेवेरोडविंस्क पनडुब्बी ने मिसाइल को बेरिंट सागर में दागा गया था, जिसने अपने चुने हुए लक्ष्य पर सफलतापूर्वक निशाना साधा। मंत्रालय द्वारा जारी वीडियो फुटेज से पता चलता है कि इसका परिक्षण रात में किया गया था।

रूस ने जुलाई में एक युद्धपोत से सिर्कोन मिसाइल का सफल परीक्षण किया था। इस दौरान ध्वनि से सात गुना अधिक रफ्तार से इस मिसाइल ने 350 किलोमीटर दूर बेरिंट सागर के तट स्थित लक्ष्य को सटीकता से निशाना बनाया। नाटो ने रूस की नई हाइपरसोनिक मिसाइलों को लेकर चिंता जताते हुए कहा था कि इससे यूरो-अटलांटिक क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता को खतरा पैदा हो गया है।पुतिन ने 2018 में अपने सबसे भाषण में नए हाइपरसोनिक हथियारों की एक सरणी की घोषणा करते हुए कहा था कि वे दुनिया में लगभग किसी भी लक्ष्य पर पर सटीक वार कर सकते हैं और और अमेरिकी उपकरणों से भी बच सकते हैं।