बीएसएफ का दायरा बढ़ाने के मुद्दे पर कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी का पंजाब सरकार पर निशाना, चन्नी से पूछें सवाल

 

कांग्रेस सांसद व पूर्व केंद्रीय मंत्री मनीष तिवारी। (फाइल फोटो)
पंजाब से कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने बार्डर एरिया में सीमा सुरक्षा बल का दायरा बढ़ाने के मुुद्दे पर अपनी पार्टी की ही चरणजीत सिंह चन्‍नी सरकार पर निशाना साधा है। उन्‍होंंने इस मामले में केंद्र सरकार के कदम को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती न देने पर सवाल उठाया है।

चंडीगढ़। पंजाब के श्री आनंदपुर साहिब से कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने राज्‍य की चरणजीत सिंह सरकार पर निशाना साधा है। मनीष तिवारी ने केंद्र सरकार द्वारा सीमा क्षेत्र में सीमा सुरक्षा बल (BSF) का दायरा बढ़ाने के मामले में चन्नी सरकार पर सवाल उठाया है। मनीष तिवारी ने कहा है कि पंजाब सरकार ने केंद्र सरकार के इस कदम को सुप्रीम कोर्ट में अब तक चुनौती क्‍यों नहीं दी है। 

बता द‍ें कि पंजाब में इस मामले पर खूूब सियासत गरमाई हुई है। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने सोमवार सुबह एक ट्वीट कर बार्डर एरिया में बीएसएफ की जांच का दायरा बढ़ाए जाने के मामले में पंजाब सरकार के रुख पर सवाल उठाया। मनीष तिवारी ने ट्वीट में लिखा है कि बीएसएफ का दायरा 50 किलोमीटर तक बढ़ाए जाने को करीब एक माह हो गया है और अब केंद्र सरकार ने इस बारे में अधिसूचना भी जारी कर दी है। ऐसे में पंजाब सरकार द्वारा अब तक केंद्र सरकार के नोटिफिकेशन को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती क्‍यों नहीं दी है। 

सांसद मनीष तिवारी ने इसके साथ ही पंजाब की चरणजीत सिंह चन्‍नी सरकार पर सवाल भी उठाया है। उन्‍होंने पूछा है कि क्‍या संविधान के अनुच्‍छेद 131 के तहत भारत के सर्वोच्‍च न्‍यायलय में इस अधिसूचना को चुनौती देना महज सांकेतिक है। इस तरह पूरे मामले में मनीष तिवारी ने बीएसएफ का बार्डर एरिया में दायरा बढ़ाने को लेकर चरणजीत सिंह चन्‍नी सरकार के विराेध पर सवाल उठा दिया है।

बता दें कि केंद्र सरकार ने बार्डर क्षेत्र में सीमा सुरक्षा बल (BSF) का दायरा 15 किलाेमीटर से बढ़ाकर 50 किलाेमीटर कर दिया था। इसका पंजाब में कांग्रेस, शिरोमणि अकाली दल और आम आदमी पार्टी सहित कई अन्‍य दलों ने विरोध किया था। इसे लेकर चरणजीत सिंह चन्‍नी सरकार ने सर्वदलीय बैठक भी बुलाई थी और प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी को पत्र लिखा था। इसके साथ ही आज शुरू हुुए पंजाब विधानसभा के विशेष सत्र में भी इस मुद्दे पर चर्चा होगी।पूर्व मुख्‍यमंत्री कैप्‍टन अमरिंदर सिंह ने केंद्र सरकार के इस कदम का समर्थन किया था। उन्‍होंने कहा था कि सीमा पार से नशे और हथियारों की तस्‍करी रोकने के लिए यह कदम जरूरी था। मनीष तिवारी को कैप्‍टन अमरिंदर सिंह का करीबी माना जाता है।