किसानों को नए साल का तोहफा देंगे मोदी, नववर्ष के पहले ही दिन आयोजित कार्यक्रम में पीएम जारी करेंगे राशि

 

किसानों को नए साल का तोहफा देंगे मोदी, नववर्ष के पहले ही दिन आयोजित कार्यक्रम में पीएम जारी करेंगे राशि।

पीएम-किसान सम्मान निधि के तहत किसानों को चालू वित्त वर्ष की तीसरी किस्त का पैसा मिल जाएगा। इसके लिए आयोजित एक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी तीसरी किस्त की राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में जमा कराएंगे। इसका लाभ देश के लगभग 12 करोड़ किसानों को प्राप्त होगा।

नई दिल्ली,। नव वर्ष का पहला दिन किसानों के लिए नई खुशी लेकर आएगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी देश के किसानों को नए साल में तोहफा देंगे। पीएम-किसान सम्मान निधि के तहत किसानों को चालू वित्त वर्ष की तीसरी किस्त का पैसा मिल जाएगा। इसके लिए आयोजित एक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी तीसरी किस्त की राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में जमा कराएंगे। इसका लाभ देश के लगभग 12 करोड़ किसानों को प्राप्त होगा। आयोजन की सूचना सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश की सरकारों को भेज दी गई है।

कृषि सुधार के तीनों कानूनों की वापसी के बाद प्रधानमंत्री मोदी का यह पहला बड़ा आयोजन होगा, जिसमें वह देश के किसानों को सीधे संबोधित कर सकते हैं। केंद्रीय योजनाओं में गांव, गरीब और किसानों को उच्च प्राथमिकता देने वाली मोदी सरकार पीएम-किसान के तहत किसानों को अब तक नौ किस्तें दे चुकी है। एक जनवरी, 2022 को जारी की जाने वाली दो हजार रुपये की यह 10वीं किस्त होगी। पीएम-किसान के तहत दो-दो हजार रुपये की तीन किस्तें प्रत्येक कृषि सीजन के पूर्व किसानों को दी जाती हैं। खरीफ और जायद की किस्तें पहले ही किसानों के खाते में पहुंच चुकी हैं। एक जनवरी को जारी होने वाली किस्त रबी सीजन की तैयारी के लिहाज से अत्यंत खास होगी।

इस किस्त का किसानों को बेसब्री से इंतजार है। मौजूदा वित्त वर्ष में पीएम-किसान की पहली किस्त अप्रैल 2021 में कुल 11.16 करोड़ से अधिक किसानों के बैंक खाते में जमा कराई गई। दूसरी किस्त अगस्त 2021 में जमा हुई, जिसका लाभ 11.11 करोड़ किसानों को हुआ। यह तीसरी और अंतिम किस्त होगी। पीएम-किसान स्कीम में अब तक कुल 12.31 करोड़ किसानों ने अपना रजिस्ट्रेशन करा लिया है।

योजना का लाभ प्राप्त करने वाले किसानों के रिकार्ड की जांच लगातार की जा रही है। अपने रजिस्ट्रेशन और अन्य जानकारी छिपाने वाले किसानों के खाते में संभव है कि पैसा जमा न हो। इसलिए अपने आधार नंबर से लिंक करना जरूरी है। नाम व रजिस्ट्रेशन में किसी तरह की गलती की वजह से भी किस्त रोकी जा सकती है। आन लाइन रजिस्ट्रेशन के दौरान किसी भी तरह अगर बैंक संबंधी जानकारी में गड़बड़ी हुई तो किस्त रोकी जा सकती है। इतना ही नहीं, अपात्र लोगों द्वारा फर्जी आवेदन अथवा गलत जानकारी के आधार पर रजिस्ट्रेशन कराकर योजना का लाभ लेने वालों से पुरानी किस्तों का पैसा भी वसूला जाएगा।