दो पक्षों की मारपीट में घायल होने के बावजूद मुकदमा दर्ज नहीं कर रही पुलिस



घटना के 15 दिनों बाद भी कोई कार्रवाई तक नहीं की गई है।

दो पक्षों के बीच हुई मारपीट को लेकर पुलिस ने एक पक्ष की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर चार आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। लेकिन दूसरे पक्ष की शिकायत पर कोई कार्रवाई करने की जरूरत महसूस नहीं की। जबकि दूसरे पक्ष से एक युवक का सिर फट गया।

नई दिल्ली, संवाददाता। दो पक्षों के बीच हुई मारपीट को लेकर पुलिस ने एक पक्ष की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर चार आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। लेकिन दूसरे पक्ष की शिकायत पर कोई कार्रवाई करने की जरूरत महसूस नहीं की। जबकि, दूसरे पक्ष से एक युवक का सिर फट गया। मामला प्रेम नगर थाने से जुड़ा है। अब इस मामले की शिकायत पीड़ित पक्ष ने रोहिणी जिले के डीसीपी व अमन विहार के एसीपी से की है। बताया जा रहा है कि उनकी शिकायत के आलोक में जांच की जा रही है। घटना के 15 दिनों बाद भी कोई कार्रवाई तक नहीं की गई है।

पीड़ित सतीश कुमार प्रेम नगर पार्ट दो में रहते हैं। उन्होंने डीसीपी को दी गई शिकायत में बताया कि उनका प्रेम नगर पार्ट दो में रहने वाले किशन से पैसे का लेनदेन था। इस बात को लेकर विवाद चल रहा था। इसी क्रम में 25 अक्टूबर को उसने उनकी (सतीश) की पत्नी को मोबाइल पर फोन कर गालियां दीं। ऐसे में सतीश अपने बेटे निखिल, मोहित के साथ किशन के आफिस पर जाकर बातचीत करनी चाही।

सतीश के अनुसार किशन ने निखिल के सिर पर राड मार दी, जिससे वह गिर गया। मौके पर पुलिस पहुंची और घायल निखिल व उसकी मां को संजय गांधी अस्पताल में एमएलसी कराई। निखिल के सिर में सात से आठ टांके लगे। इसके बाद सतीश बेटे के साथ प्रेम नगर थाने पहुंचे। चूंकि निखिल बयान देने की हालत में नही था। ऐसे में उसे लेकर प्राइवेट अस्पातल में इलाज कराने के लिए चले गए। सतीश के अनुसार घटना के बाद मौके पर प्रेम नगर थाने के एसएचओ भी पहुंचे थे। लेकिन उनकी शिकायत पर मामला दर्ज नहीं किया गया।

इस बाबत पुलिस अधिकारी का कहना है कि सतीश व उसके बेटों ने ही किशन शर्मा के दफ्तर पर हमला किया था। इस बारे में किशन की शिकायत पर मामला दर्ज किय गया है। जिसमें आरोप है कि सतीश के बेटे मोहित ने किशन के दफ्तर के बाहर खड़ी कार के शीशे को तोड़ दिया।

सतीश के बेटों ने बचाने आए किशन के भतीजे शुभम पर भी हमला किया, जिसकी एमएलसी भी कराई गई। दफ्तर में भी तोड़फोड़ की। मामले में रोहिणी जिले के डीसीपी प्रणव तायल के मोबाइल नंबर पर संपर्क किया गया, लेकिन उनका कोई जवाब नहीं मिला। पीड़ित ने डीसीपी से की शिकायत, प्रेम नगर थाने से जुड़ा है मामला, डीसीपी और एसीपी से शिकायत के बाद भी अभी तक नहीं हुई कार्रवाई