केंद्रीय एजेंसी ने एक सप्ताह पहले आतंकी वारदात के मद्देनजर दिल्ली पुलिस को किया था अगाह

 

सीसीटीवी फुटेज खंगालने के अलावा मंडी के व्यापारियों से पूछताछ कर रही है सेल

शनिवार को केंद्रीय सुरक्षा एजेंसी के अलर्ट संबंधी दावे पर दिल्ली पुलिस की ओर से बताया गया कि हर सप्ताह केंद्रीय एजेंसियों द्वारा इस तरह का अलर्ट जारी होते रहता है।यह भी कहा गया कि गणतंत्र दिवस से पहले खुफिया एजेंसियां ​​नियमित रूप से आतंकी अलर्ट जारी करती ही है।

नई दिल्ली  ,surender aggarwal। गाजीपुर फूल मंडी में काले रंग के बैग में आरडीएक्स व अमोनियम नाइट्रेट मिश्रित आईईडी मिलने के मामले में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल, केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की मदद से सुराग ढूंढने की कवायद में जुटी हुई है, लेकिन 24 घंटे बाद भी किसी नतीजे पर नहीं पहुंच पाई है। मामले में एक बड़ी जानकारी यह मिली है कि केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों ने एक सप्ताह पहले दिल्ली पुलिस को दिल्ली में आतंकी वारदात के मद्देनजर आगाह किया था। आतंकी अलर्ट जारी करने के बावजूद दिल्ली पुलिस की स्पेशल ब्रांच को उक्त गतिविधि के बारे में भनक नहीं मिली।शनिवार को केंद्रीय सुरक्षा एजेंसी के अलर्ट संबंधी दावे पर दिल्ली पुलिस की ओर से बताया गया कि हर सप्ताह केंद्रीय एजेंसियों द्वारा इस तरह का अलर्ट जारी होते रहता है। यह भी कहा गया कि स्वतंत्रता दिवस या गणतंत्र दिवस जैसे अवसर से पहले खुफिया एजेंसियां ​​नियमित रूप से आतंकी अलर्ट जारी करती ही है। व्यापक गश्त और अन्य सुरक्षा उपायों की तैयारी की सलाह देती हैं लेकिन गाजीपुर इलाके में आतंकी साजिश के बारे में कोई विशेष अलर्ट नहीं दिया था।

स्पेशल सेल के वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि हम विस्फोटक की पहचान के संबंध में एनएसजी की फोरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि यह एक शरारती कृत्य था या इसके पीछे कोई आतंकी समूह का हाथ है। बम में आरडीएक्स व अमोनियम नाइट्रेट का मिश्रण युक्त बारूद का पता तो लग गया है, लेकिन उसकी आधिकारिक पुष्टि जरूरी है।

वहीं मामले में केंद्रीय खुफिया एजेंसियों ने दावा किया कि उन्होंने संभावित आतंकी हमलों को लेकर दिल्ली और पंजाब सहित कई राज्यों में आतंकी अलर्ट जारी कर दिया था। अलर्ट में बताया गया था कि कई आतंकी संगठन देश के कई हिस्सों में आतंकी हमलों को अंजाम देने की योजना बना रहे हैं, खासकर उत्तर भारतीय राज्यों में चुनाव के दौरान और उससे पहले।

गाजीपुर फूल मंडी में लावारिस बैग के अंदर आरडीएक्स और अमोनियम नाइट्रेट से भरा लोहे के बक्से में इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) मिलने के बाद दिल्ली पुलिस और केंद्रीय खुफिया एजेंसियों की सभी इकाइयों को सतर्क कर दिया गया है। इनके वरिष्ठ अधिकारी जांच में बेहतर तालमेल बनाने के लिए आपस में सूचनाओं को साझा कर रहे हैं।

शुक्रवार को भारत-पाकिस्तान सीमा के करीब पंजाब के अमृतसर में अटारी-बचीविंड रोड पर पड़े एक बैग में लगभग पांच किलोग्राम वजन का एक इंप्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस और कुछ भारतीय करेंसी नोट छुपाए गए थे।

खुफिया एजेंसियां ​​यह भी देख रही हैं कि क्या पंजाब से बरामद आईईडी का दिल्ली में बरामद विस्फोटकों से कोई संबंध है क्योंकि दोनों मामलों में आरडीएक्स मिला है। आशंका जताई जा रही है कि गाजीपुर में बरामद विस्फोटक को पंजाब से ही लाया गया हो। फोरेंसिक टीमों ने मामले में अधिक जानकारी के लिए गाजीपुर मार्केट इलाके से नमूने भी एकत्र किए हैं। दिल्ली पुलिस को निर्देश दिया गया है कि सार्वजनिक स्थानों पर लगे सीसीटीवी चालू हालत में हों। बम मिलने के बाद से सेल की टीमें मंडी में लगे सभी 15 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल बैग रखने वाले के बारे में सुराग ढूंढने में जुटी हुई है। साथ ही मंडी के व्यापारियों व वाहन मालिकों से भी पूछताछ कर रही है।