मांगों पर अड़े कर्मचारी, बागपत की मलकपुर चीनी मिल में तौल बंद, किसान परेशान

 

बागपत, संवाददाता। मलकपुर चीनी मिल में कर्मचारियों की हड़ताल के कारण चीनी मिल दूसरे दिन बंद रही। कर्मचारियों ने नारेबाजी करते हुए मिल प्रबंधन को चेतावनी दी है कि जब तक मांगोंं का समाधान नहीं होगा, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। चीनी मिल बंद होने से मिल प्रबंधन टेंशन में हैं। उधर, क्रय केंद्रों से गन्ने का उठान न होने से तौल बंद हो गई है और किसान परेशान हैं।

कर्मचारियों ने की नारेबाजीतीन मांगों को लेकर कर्मचारियों ने शुक्रवार की पांच बजे चीनी मिल कर्मचारी यूनियन के बैनर तले मलकपुर चीनी मिल में हड़ताल शुरू कर दी थी, जिसके बाद चीनी मिल बंद हो गई थी। यूनियन के अध्यक्ष सोहनपाल के अलावा बलराम, अजित प्रधान, सोहनपाल, हरिमोहन, सतेंद्र, रङ्क्षवद्र, यशवीर, अजय ने बताया कि उनकी तीन मांगे हैं, जिनका समाधान कराने के लिए कई बार चीनी मिल प्रबंधन और संबंधित विभाग के अधिकारियों से वार्ता की गई, लेकिन समाधान नहीं हुआ, जिसके बाद ही उन्होंने हड़ताल शुरू की है। कर्मचारियों ने नारेबाजी करते हुए चीनी मिल प्रबंधन से मांगों को पूरा कराने की मांग की है। चीनी मिल के यूनिट हेड विपिन चौधरी ने बताया कि कर्मचारियों से वार्ता की जा रही है, जल्द ही समाधान निकल आएगा। उधर, चीनी मिल बंद होने से चीनी मिल को 50 लाख से ज्यादा का नुकसान हो चुका है।

यह हैं कर्मचारियों की तीन मांगें

पूर्व में हुए समझौते के अनुसार जिन कर्मचारियों का इंसेटिव काटकर लिया गया है, उन्हें पूर्व की तहर इंसेटिव दिया गया, चीनी मिल में समस्त रिक्त पदों को वेजबोर्ड के अनुसार नियुक्ति की जाए व कंपनी के ग्रेड में कार्यरत डी ग्रेड तक के समस्त कर्मचारियों को शुगर वेजबोर्ड के नियमानुसार नियुक्ति पत्र दिए जाए और चीनी मिल में जिन श्रमिकों के कई सालों से प्रमोशन रुके हुए हैं, उन्हें प्रमोशन दिए जाए।