एनआरआइ महिला का छह हजार यूरो से भरा बैग आटो में छूटा, पुलिस ने खोजा

 

पुलिस टीम ने आटो में बैग में रखे 6000 यूरो यानि लगभग पांच लाख रुपये खोजकर पीड़िता को सौंप दिए।

पुलिस के मुताबिक पीड़ित महिला ने तीन जनवरी को पुलिस को बताया कि वह एक थेरेपी सेंटर में बच्चे को छोड़कर अपने किराए के घर के लिए निकली थीं। वहां सामान निकालने के बाद पर्स भूल गई थीं लेकिन आटो का नंबर नहीं था।

नई दिल्ली। बच्चे का इलाज कराने यूरोप से दिल्ली आई एक अप्रवासी महिला आटो में अपने पांच लाख रुपये की विदेशी करेंसी भूल गई। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने 45 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और रुपये से भरा बैग खोज निकाला। मालवीय नगर पुलिस टीम ने आटो में बैग में रखे 6000 यूरो यानि लगभग पांच लाख रुपये खोजकर पीड़िता को सौंप दिए।

पुलिस के मुताबिक, पीड़ित महिला ने तीन जनवरी को पुलिस को बताया कि वह एक थेरेपी सेंटर में बच्चे को छोड़कर अपने किराए के घर के लिए निकली थीं। वहां सामान निकालने के बाद पर्स भूल गई थीं लेकिन आटो का नंबर नहीं था। वह एनआरआई हैं और पति के साथ यूरोप में रहती हैं।

बच्चे का इलाज कराने भारत आई थीं। महिला की शिकायत पर मालवीय नगर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कियाा। एसएचओ इंस्पेक्टर केके मिश्रा के नेतृत्व में हेडकांस्टेबल रवि कुमार और कांस्टेबल बाबूलाल की टीम ने जांच शुरू की और 45 सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगालने के बाद आटो का नंबर ट्रेस किया जा सका। आटो शंकर नगर एक्सटेंशन, कृष्णानगर के पते पर निकला।

पुलिस टीम वहां पहुंची तो पता चला कि जिसके नाम से आटो है उसने पांच साल पहले ही मोती नगर में डीलर को बेच दिया था। पुलिस डीलर के पास पहुंची तो उसने बताया कि आटो उसने मदनगीर निवासी संजीव को बेच दिया था।

पुलिस संजीव के पास दक्षिणपुरी पहुंची तो उसने बताया कि उसने आटो मामा राम गोपाल को चलाने के लिए दिया है। पुलिस राम गोपाल के घर पहुंची तो आटो उनके घर के पास पार्क किया हुआ मिला। महिला का बैग भी आटो में पीछे रखा हुआ था। पुलिस ने 6000 यूरो से भरा बैग महिला को वापस कर दिया।