आइटी सेक्‍टर में करियर बनाकर कमाएं लाखों रुपये महीना, पढ़ें कोर्स से जुड़ी अहम जानकारी

 

आइटी सेक्‍टर में नौकरी की अपार संभावनाएं

कोरोना काल में जब ज्यादातर सेक्टर्स में कंपनियों का कामकाज बुरी तरह प्रभावित हुआ वहीं देश का आइटी सेक्टर उन चुनिंदा क्षेत्रों में शामिल है जिसमें इस दौरान तेजी से बढ़ोत्तरी हुई। इससे आइटी प्रोफेशनल्स के लिए नई नौकरियों के साथ तरक्की के अवसर भी बढ़े हैं।

नई दिल्‍ली। कोरोना के बाद पिछले दो साल में तमाम सेक्‍टर/उद्योग पर इस महामारी का दुष्‍प्रभाव देखने को मिला है। लेकिन अगर इससे कोई सेक्‍टर अछूता रहा है, तो यह आइटी सेक्टर है। कोरोना के कारण चीन की छवि प्रभावित होने के कारण अमेरिका सहित दुनिया की तमाम कंपनियों ने भारत की आइटी कंपनियों से आउटसोर्सिंग बढ़ा दी है, जिससे देश की आइटी कंपनियों की ग्रोथ में इस दौरान काफी तेजी आई है। यह स्थिति कंपनियों के साथ कर्मचारियों के लिए भी अच्छी है, क्योंकि वर्क फ्राम होम की सुविधा मिलना न सिर्फ कर्मचारियों को पसंद आ रहा है, बल्कि कंपनियों को भी खूब भा रहा है। क्‍योंकि उन्‍हें अब न तो ज्‍यादा जगह की जरूरत है और न ही रखरखाव पर पैसे खर्च करने की। कोरोना काल के बाद आइटी सेवाओं की बढ़ती डिमांड को देखते हुए इस सेक्‍टर में करीब 50 प्रतिशत तक कर्मचारियों की मांग बढ़ी है।सबसे अच्‍छी बात यह है कि भारत आज आइटी सेक्‍टर का हब बन चुका है। टीसीएस, इन्फोसिस, विप्रो, टेक महिंद्रा, एचसीएल जैसी बड़ी कंपनियों का कामकाज और मुनाफा बढ़ने से ये कंपनियां छोटे शहरों के युवाओं को भी वहीं पर काम करने के मौके दे रही हैं। आइटी सर्विसेज से जुड़ी छोटी कंपनियों का काम भी खूब बढ़ रहा है। तकरीबन सभी बहुराष्‍ट्रीय कंपनियां भारत में निवेश कर रही हैं। माइक्रोसाफ्ट और गूगल का ही उदाहरण ले लीजिए। ये दोनों ही कंपनियां भारत में पहले से कहीं ज्‍यादा निवेश कर रही हैं और अपना विस्‍तार भी कर रही हैं।

हिंदी के बाजार को देखते हुए अमेजन, गूगल, फेसबुक (मेटा), लिंक्डइन आदि भारत में तेजी से अपना प्रसार कर रही हैं। जाहिर है दुनिया में भारतीय आइटी कंपनियों और युवा प्रोफेशनल्स की मांग बढ़ने से देश के युवाओं के लिए इसमें रोजगार के मौके भी तेजी से बढ़ रहे हैं।

विभिन्‍न रूपों में आकर्षक करियर

आइटी सेक्‍टर में इनदिनों डेवलपर, प्रोग्रामर, यूआइ/यूएक्‍स डिजाइनर, क्‍लाउड एक्‍सपर्ट, डेवोप्‍स जैसी तकनीकों में कुशल युवाओं की काफी मांग है। इस फील्‍ड में डेवलपर बनने के लिए प्रोग्रामिंग लैंग्‍वेज जैसे कि सी लैंग्‍वेज, जावा, पाइथन और गोलांग आदि में कुशल होने की अपेक्षा होती है। इसीतरह, यूआइ/यूएक्‍स डिजाइन, कोडिंग और क्‍लाउड आदि के लिए भी इनदिनों बहुत तरह के कोर्सेज कराये जा रहे हैं। आइटी सेक्‍टर में नेटवर्किंग, कंप्‍यूटर सिस्‍टम्‍स, साइबर सिक्‍युरिटी और डिजिटल मार्केटिंग जैसा कोर्स करके भी बेहतर करियर बनाने का विकल्‍प उपलब्‍ध है।

अपार संभावनाएं

तमाम रिपोर्ट्स की मानें, तो आइटी सेक्‍टर में 2030 तक खूब संभावनाएं रहने वाली हैं। अभी की स्थिति यह है कि सभी आइटी कंपनियों में क्‍लाउड स्‍पेशलिस्‍ट जैसे बहुत से पद रिक्‍त पड़े हैं। ऐसे में युवाओं के लिए यही सबसे उपयुक्‍त समय है कि वे ज्‍यादा से ज्‍यादा सर्टिफिकेशन हासिल करके जल्‍द से जल्‍द इस फील्‍ड में आएं और नौकरियों के लिए आवेदन करना शुरू करें।

हर पृष्‍ठभूमि वालों के लिए मौके

आइटी सेक्‍टर में काम करना अब पहले की तुलना में आसान हो गया है, क्‍योंकि अब यहां कोई विशेष डिग्रीधारक होना आवश्‍यक नहीं है। बीसीए, बीटेक के अलावा बीए, बीकाम जैसे योग्‍यताधारी भी इस सेक्‍टर में अपना भविष्‍य बना सकते हैं। बस आपको कंपनी की जरूरत के अनुसार खुद को प्रशिक्षित करना होगा, जैसे अगर आप क्‍लाउड प्रोफाइल में जाब करना चाहते हैं, तो आप सर्टिफिकेशन से खुद को कुशल बनाएं। ठीक इसी प्रकार अगर आप डेवोप्‍स के क्षेत्र में जाना चाहते हैं, तो इससे संबंधित स्किल सीखने पर ध्‍यान दें। इन कोर्सेज के यूट्यूब पर भी बहुत से वीडियो मिल जाएंगे।

बेसिक से करें शुरुआत

युवाओं को इस फील्‍ड में आने के लिए यहां दिये सुझावों को ध्‍यान में रखकर खुद को आगे बढ़ाने की कोशिश करनी चाहिए। खासतौर से यदि आप नान-टेक्निकल पृष्‍ठभूमि से हैं, तो शुरुआत कुछ आसान चीजों से करें, जैसेकि-सबसे पहले सीसीएनए के साथ शुरुआत करें। फिर क्‍लाउड कंप्‍यूटिंग के बेसिक्स सीखें। इन दो कोर्सेज को करने के बाद आइटी फील्‍ड की बुनियादी समझ आ जाएगी। इसके बाद आप एडब्‍ल्‍यूएस साल्‍यूशन आर्किटेक्‍ट, अजूरे एडमिन, गूगल क्‍लाउड जैसे किसी भी एक क्‍लाउड की ट्रेनिंग लें और उसमें सर्टिफिकेशन हासिल करें। इसके बाद बेहतर होगा कि आप एक प्रोग्रामिंग लैंग्‍वेज सीख लें, क्‍योंकि लंबे वक्‍त तक आइटी नौकरी में बने रहने के लिए यह आपके काम आएगी। वैसे, पाइथन प्रोग्रामिंग को सीखना ज्‍यादा बेहतर रहेगा।

कहां से करें कोर्स

हाल के महीनों में आनलाइन क्लासेज की सुविधा काफी बढ़ी है। अब घर बैठे कोर्स सिखाने के लिए बहुत सारे प्रामाणिक आनलाइन प्लेटफार्म भी आ गये हैं, जैसे कि यूडेमी, सिंप्लिलर्न,कोर्सेरा इत्यादि। यहां कुछ टेक्निकल कोर्सेज मुफ्त में, तो कुछ मामूली भुगतान करके सीखा जा सकता है। कोर्स पूरा होने के बाद ये प्लेटफार्म आपको सर्टिफिकेट भी देंगे। इसके अलावा, एडब्‍ल्‍यूएस, अजूरे या गूगल क्‍लाउड आदि से भी से सर्टिफिकेशन हासिल कर सकते हैं। इस फील्‍ड की सबसे खास बात यह है कि यहां डिग्री से ज्‍यादा सर्टिफिकेशन की वैल्‍यू है। इसलिए कंपनियां भी आजकल अपने यहां सर्टिफाइड युवाओं को ज्‍यादा पसंद कर रही हैं और ऐसे युवाओं को हाथोंहाथ ले रही हैं।

आइटी सेक्‍टर में पैकेज बाकी सेक्‍टर के मुकाबले कहीं ज्‍यादा मिलता है। प्रोग्रामिंग, यूआइ/यूएक्‍स डिजाइन, क्‍लाउड, डेवोप्‍स जैसे तकनीकी फ्रेशर्स को लगभग छह लाख रुपये का शुरुआती पैकेज आसानी से मिल जाता है। बीए, बीकाम से लेकर बीटेक जैसे किसी भी पृष्‍ठभूमि के युवाओं को सर्टिफिकेशन के बाद यहां एक जैसे पैकेज आफर किये जा रहे हैं। लेकिन इसके लिए जरूरी है कि आपने कम से कम एक सर्टिफिकेशन अवश्‍य किया हो। इसलिए युवाओं को अच्‍छे पैकेज पर आइटी सेक्‍टर में नौकरी पाने के लिए ज्‍यादा से ज्‍यादा सर्टिफिकेशन हासिल करने का प्रयास करना चाहिए। यदि आपको इस फील्‍ड में पांच साल का अनुभव है, तो आपको यहां 15 लाख से 25 लाख रुपये सालाना तक मिल सकते हैं। वैसे, यहां अधिकतम पैकेज एक करोड़ रुपये तक भी दिये जा रहे हैं।