रक्षा मंत्रालय ने 21 सैनिक स्कूलों की स्थापना को दी मंजूरी, एनजीओ और राज्य सरकारों के साथ मिलकर किए जाएंगे स्‍थापित

 

रक्षा मंत्रालय ने साझेदारी के तहत 21 सैनिक स्कूलों की स्थापना को मंजूरी दी है।

रक्षा मंत्रालय (Defence Ministry) ने साझेदारी के तहत 21 सैनिक स्कूलों की स्थापना को मंजूरी दी। इन स्‍कूलों की स्‍थापना एनजीओ निजी स्कूलों या राज्य सरकारों के साथ मिलकर होगी। देश भर में 100 नए सैनिक स्कूलों की स्‍थापना की जाएगी।

नई दिल्‍ली, एएनआइ। रक्षा मंत्रालय (Defence Ministry) ने शनिवार को एनजीओ, निजी स्कूलों या राज्य सरकारों के साथ साझेदारी में 21 सैनिक स्कूलों की स्थापना को मंजूरी दी। बता दें कि साझेदारी माडल के तहत देश भर में 100 नए सैनिक स्कूल स्थापित किए जानें हैं। 21 सैनिक स्कूलों की स्थापना को मंजूरी दिया जाना इसी लक्ष्‍य का हिस्‍सा है। रक्षा मंत्रालय (Defence Ministry) की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्‍ति‍ में कहा गया है कि ये नए स्कूल मौजूदा सैनिक स्कूलों (Sainik schools) से अलग होंगे।

बता दें कि नरेन्‍द्र मोदी की सरकार ने देश में 100 नए सैनिक स्कूलों को स्थापित करने की घोषणा की थी। इसका उद्देश्य छात्रों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना है। यही नहीं छात्रों को सशस्त्र बलों में शामिल किए जानें समेत उन्‍हें भविष्‍य में बेहतर अवसर प्रदान करना है। समाचार एजेंस एएनआइ ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि यह कदम युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनाने और राष्ट्र निर्माण की दिशा में सरकार के साथ काम करने का मौका प्रदान करेगा।

रक्षा मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि ये नए सैनिक स्कूल संबंधित शिक्षा बोर्डों से संबद्धता होंगे। साथ ही सैनिक स्कूल सोसायटी के तत्वावधान में कार्य करेंगे। ये सैनिक स्‍कूल सैनिक स्कूल सोसायटी द्वारा निर्धारित साझेदारी मोड में स्‍थापित किए जाएंगे और नए सैनिक स्कूलों के लिए निर्धारित नियमों का पालन करेंगे। हाल ही में एक सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने सर्वोच्च न्यायालय को बताया था कि राष्ट्रीय सैन्य स्कूलों में लड़कियों को अगले शैक्षणिक वर्ष 2022-23 से दाखिले की अनुमति दी जाएगी।

हाल ही में समाचार एजेंसी पीटीआइ ने अपनी रिपोर्ट में बताया था कि सैनिक स्कूल सोसायटी (एसएसएस) 100 नए सैनिक स्कूलों में प्रवेश के इच्छुक विद्यार्थियों को आनलाइन परामर्श मुहैया कराने के लिए एक स्वचालित प्रणाली विकसित कर रही है। रक्षा मंत्रालय का कहना है कि इन सैनिक स्‍कूलों में ई-काउंसलिंग के लिए स्वचालित प्रणाली दाखिले की प्रक्रिया में पारदर्शिता लाएगी। यह प्रणाली सभी हितधारकों के लिए सुविधाजनक और कम खर्चीली होगी।