पंजाब में पोस्ता की आपूर्ति करने जा रहे दो ड्रग्स तस्कर चढ़ें पुलिस के हत्थे, 252 किलो पोस्ता बरामद

 

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने ड्रग्स तस्करों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार किए गए तस्करों के नाम रोहन कुमार व कंवर पाल है। दोनों उस्मानपुर के रहने वाले हैं। कंवर पाल सरगना है। रोहन कंवरपाल के लिए कमीशन पर ड्रग्स की सप्लाई करने का काम करता है।

नई दिल्ली,  संवाददाता। दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने दो कुख्यात ड्रग्स तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपितों में एक सरगना और दूसरा उंसके साथ कमीशन पर काम करने वाला व्यक्ति शामिल है। इनके कब्जे व निशानदेही पर 252 किलो पोस्ता का चूर्ण बरामद किया गया है। पुलिस ने इसकी कीमत 12 लाख होने का दावा किया है। बरामद पोस्ता राजस्थान व मध्य प्रदेश से तस्करी करके दिल्ली लाए गए थे। उक्त पोस्ता की आपूर्ति दिल्ली एनसीआर समेत पंजाब में ड्रग्स तस्करों को की जानी थी।

क्राइम ब्रांच के वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि पंजाब में ड्रग्स की मांग बढ़ गई है। जिससे तस्करों ने पंजाब में ड्रग्स की आपूर्ति करना शुरू कर दिया है। दिल्ली पुलिस ने भी तस्करों पर पैनी नज़र रखना शुरू कर दिया है।

डीसीपी के मुताबिक गिरफ्तार किए गए तस्करों के नाम रोहन कुमार व कंवर पाल है। दोनों उस्मानपुर के रहने वाले हैं। कंवर पाल सरगना है। रोहन , कंवरपाल के लिए कमीशन पर ड्रग्स की सप्लाई करने का काम करता है।

बरामद पोस्ता को दिल्ली एनसीआर और पंजाब में बिक्री के लिए राजस्थान और एमपी से मंगवाए गए थे।

गत दिनों क्राइम ब्रांच को सूचना मिली कि पंजाब में ट्रक ड्राइवरों के माध्यम से पोस्ता की बिक्री में शामिल नशीले पदार्थों के तस्कर सोनिया विहार दूसरा पुस्ता की तरह आने वाले हैं। पुलिस टीम ने रोहन कुमार को वहां से दबोच लिया। उसके पास से 58 किलो पोस्ता भूसा बरामद किया गया। यह स्कूटी पर था जिसे जब्त कर लिया गया। इससे पूछताछ के बाद विजय विहार, ग्राम सभापुर गुजरां, उत्तर प्रदेश में किराए के मकान से 194 किलो और पोस्ता बरामद किया गया। रोहन ने बताया कि वह कंवर पाल उर्फ ​​बनिया के लिए काम करता है।

जिस घर से पोस्ता बरामद किया गया उसे किराए पर लिया था। बाद में पुलिस टीम ने कंवर पाल को भी उस्मानपुर से गिरफ्तार कर लिया। 2017 में भी कंवर पाल को पुलिस ने तस्करी में गिरफ्तार किया था। वह लंबे समय से ड्रग के अवैध व्यापार में शामिल है। वह आईएसबीटी और दिल्ली के अन्य क्षेत्रों में ड्रग्स की आपूर्ति के लिए कमीशन के आधार पर आपूर्तिकर्ताओं को काम पर रखता है।