कम गैस देने पर ग्रामीणों में रोष, 52 सिलेंडरों को बरवाला गांव में किया सीज; सीमा गैस एजेंसी पर चालान

 

निर्धारित वजन से कम दे रहे घरेलू गैस सिलेंडर

एजेंसी के कर्मचारी अजीत व अनूप ने मौके पर कबूल किया कि वह काफी दिनों से लोगों को ऐसे ही कम गैस वाले सिलेंडर पकड़ाकर धोखाधड़ी कर रहे हैं। पहले तो अजीत ने कहा कि एजेंसी से ही सिलेंडर में कम गैस आती है।

नई दिल्ली Anuradha Aggarwal। सन्नोठ गांव की सीमा गैस एजेंसी के कर्मचारियों द्वारा बरवाला गांव में घरेलू गैस सिलेंडर की सप्लाई के दौरान चार से पांच किलो गैस कम देने का मामला सामने आया है। गांव के लोगों से गैस एजेंसी के कर्मचारी द्वारा की जा रही हेराफेरी तब सामने आई जब गुरुवार को गांव के कुछ सजग लोगों ने गैस सिलेंडर डिलीवरी लेने से पहले उसे तौला। इस दौरान 52 सिलेंडरों में गैस डेढ़ से पांच किलो तक कम पाई गई। गांव के लोगों ने कर्मचारियों को पकड़कर पुलिस को बुलाया व उनके द्वारा की जा रही हेराफेरी की जानकारी दी। उत्तर-पश्चिमी जिले के नापतोल विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर सिलेंडरों की जांच की तो सभी सिलेंडरों में गैस कम पाई गई। विभाग ने चालान कर एजेंसी को जांच पूरी होने तक इन सिलेंडरों की सप्लाई न करने को कहा है।

पांच किलो तक घरेलू गैस सिलेंडर में जांच के दौरान कम पाई गई गैस

जानकारी के अनुसार गुरुवार को सीमा गैस एजेंसी के कर्मचारी अजीत व अनूप बरवाला गांव में टेंपो लेकर घरेलू गैस सिलेंडर की सप्लाई करने पहुंचे। इस दौरान महिलाओं ने कर्मचारियों से गैस कम होने की शिकायत की, लेकिन कर्मचारियों ने महिला की एक न सुनी। कुछ देर बाद गांव के प्रवीण भारद्वाज व आसपास के लोगों ने वजन तौलने के कांटे पर सिलेंडर को तौला तो एक सिलेंडर का वजन 24 किलो 910 ग्राम आया। उन्होंने तुरंत दूसरे सिलेंडर को तोला तो उसका 26 किलो 270 ग्राम आया। इस तरह 52 सिलेंडरों में गैस कम मिली। उत्तर-पश्चिमी जिले के नापतोल विभाग के अधिकारियों ने जब जांच की तो हर सिलेंडर में एक किलो 650 ग्राम से लेकर पांच किलो 200 ग्राम तक गैस कम पाई गई।

काफी दिनों से लोगों से की जा रही धोखाधड़ी

एजेंसी के कर्मचारी अजीत व अनूप ने मौके पर कबूल किया कि वह काफी दिनों से लोगों को ऐसे ही कम गैस वाले सिलेंडर पकड़ाकर धोखाधड़ी कर रहे हैं। पहले तो अजीत ने कहा कि एजेंसी से ही सिलेंडर में कम गैस आती है और बाद में रास्ते में गैस कम करने की बात कही। इस बारे में पक्ष जानने के लिए एजेंसी के नंबर पर करीब दो दर्जन बार काल किया गया, लेकिन हर बार फोन काट दिया गया।

14.200 किलोग्राम होती है घरेलू सिलेंडर में गैस

दिल्ली सरकार के उत्तर-पश्चिमी जिले के जोनल नापतोल अधिकारी जितेंद्र कुमार ने बताया कि हर घरेलू सिलेंडर पर उसका वजन (16.5 किलो, 16.3 किलो आदि) लिखा रहता है। लेकिन, हर सिलेंडर में गैस का सही वजन 14 किलो 200 ग्राम रहता है।अगर कर्मचारी लीकेज की भी बात करते हैं तो वो भी ज्यादा से ज्यादा 150 ग्राम होती है। लेकिन, जब मौके पर जांच की गई तो किसी सिलेंडर में तीन, किसी में चार व किसी में पांच किलो गैस कम पाई गई।

गांव में अब नहीं की जा रही सिलेंडर की सप्लाई

गांव निवासी प्रवीण भारद्वाज ने बताया कि दो दिन से गांव में गैस सिलेंडर की सप्लाई रोक दी गई है। इससे लोगों को काफी परेशानी हो रही है। लोग बाजार में जाकर खाना खाने को मजबूर हो रहे हैं।