बजट में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए 9769 करोड़ रुपये का प्रविधान, अर्थव्यवस्था को मिलेगी रफ्तार

 

बजट में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए 9669 करोड़ रुपये का प्रविधान, अर्थव्यवस्था को मिलेगी रफ्तार

ई-हेल्थ कार्ड बनाकर दिल्ली की जनता को अस्पतालों की लंबी कतारों से मुक्ति दिलाई जाएगी। ई-हेल्थ कार्ड में मरीज की चिकित्सा संबंधी सारी जानकारी होगी। हेल्थ कार्ड की मदद से मरीज स्वास्थ्य सूचना प्रबंधन प्रणाली (एचआइएमएस) से जुड़े किसी भी अस्पताल में अप्वाइंटमेंट लेकर इलाज करा सकेगा।

नई दिल्ली,  संवाददाता। दिल्ली सरकार के वर्ष 2022-23 में प्रस्तावित बजट में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए नौ हजार 669 करोड़ रुपये का प्रविधान किया गया है। इसमें से 475 करोड़ रुपये मोहल्ला क्लिनिक व पालीक्लिनिक और 160 करोड़ रुपये ई-हेल्थ कार्ड के लिए खर्च करने का प्रस्ताव किया गया है। उल्लेखनीय है कि दिल्ली सरकार द्वारा मौजूदा समय में दिल्ली में 520 मोहल्ला क्लिनिक, 29 पालीक्लिनिक और 38 मल्टी स्पेशलिटी व सुपरस्पेशलिटी अस्पतालों के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इनमें से 20 स्कूलों में आम आदमी स्कूल क्लिनिक शुरू किए जा चुके हैं। जिनमें हर छह महीने में स्कूल में पढ़ने वाले प्रत्येक बच्चे की सारी जांच डाक्टर व नर्स द्वारा किया जाना शुरू हो चुका है।

इन क्लिनिकों में एक मनोचिकित्सक भी रखे गए हैं ताकि बच्चों के मानसिक विकास, मानिसिक उलझन व मानसिक अवसाद से गुजर रहे हैं उनकी हर छह महीने में जांच होती रहे। इसके साथ ही सरकार द्वारा मौजूदा डिस्पेंसरियों को अपग्रेड करके 94 और पालीक्लिनिकों को स्थापित करने का काम चल रहा है।

विधानसभा में बजट पेश करते हुए उपमुख्यमंत्री व वित्त मंत्री मनीष सिसोदिया ने इस बात को प्रमुखता से उठाते हुए कहा कि भारत की नई गरीबी बीमारी से निकल रही है। देश में हर साल साढ़े पांच करोड़ लोग बीमारी के कारण गरीब हो जाते हैं। यह पूरी आबादी का 4.6 प्रतिशत है। इनमें से 72 प्रतिशत लोग सिर्फ प्राथमिक चिकित्सा पर हो रहे खर्च के कारण गरीब होते हैं। इसलिए दिल्ली सरकार प्रत्येक व्यक्ति के प्राथमिक इलाज की व्यवस्था करने के लिए मोहल्ला क्लिनिकों की संख्या भी बढ़ाकर एक हजार करेगी। जिससे सभी को समय पर प्राथमिक उपचार मिल सके और वह अपनी रोजी-रोटी कमाने में सक्षम बने रहें। इससे गरीबी को कम करने में मदद मिलेगी।

सिसोदिया ने अपने बजट भाषण में बताया कि दिल्ली में अभी तक पांच करोड़ 49 लाख लोग मोहल्ला क्लिनिक में प्राथमिक उपचार करा चुके हैं। अगर इन्हें मोहल्ला क्लिनिक में नि:शुल्क उपचार न मिलता तो इनमें से बहुत से लोग बीमारी की वजह से गरीब हो जाते।

ई-हेल्थ कार्ड से मिलेगा ये लाभ

ई-हेल्थ कार्ड बनाकर दिल्ली की जनता को अस्पतालों की लंबी कतारों से मुक्ति दिलाई जाएगी। ई-हेल्थ कार्ड में मरीज की चिकित्सा संबंधी सारी जानकारी होगी। हेल्थ कार्ड की मदद से मरीज स्वास्थ्य सूचना प्रबंधन प्रणाली (एचआइएमएस) से जुड़े किसी भी अस्पताल में अप्वाइंटमेंट लेकर इलाज करा सकेगा। सर्वे करके सरकार हेल्थ कार्ड बनाएगी। सरकार का कहना है कि 2023 सभी को हेल्थ कार्ड उपलब्ध करा दिए जाएंगे।