पंजाब में पदभार संभालने से पहले मंत्री जी ने कमरे में जलवाईं अगरबत्तियां, फिर भी नहीं गई बदबू, जानें पूरा मामला

 

अपना कार्यभार संभालने पहुंचे पंजाब के जलसंसाधन मंत्री ब्रह्म शंकर जिम्‍पा। (एएनआइ)

Punjab Minister Taking Charge पंजाब के जल संसाधन और राजस्‍व मंत्री ब्रह्म शंकर जिम्‍पा ने वीरवार को कार्यभार संभाला। कार्यभार के दौरान कमरे में तेज बदबू आ रही थी। मंत्री ने कमरे में अगरबत्तियां जलाईं लेकिन बदबू नहीं गई।

चंडीगढ़। पंजाब सिविल सचिवालय में एक मंत्री ने अपने कमरे में पदभार संभालने से पहले वातावरण को शुद्ध करने के लिए पंडित बुला कर पूजा पाठ करवाया। धूप और अगरबत्ती से कुछ समय के लिए वातावरण शुद्ध हुआ लेकिन कुछ ही देर में कमरे में बदबू से मंत्री जी और वहां मौजूद विभाग के अधिकारी परेशान होने लगे। लेकिन मंत्री ने बदबू के बीच में ही लंबे समय तक बैठक ली। असल में मंत्री जी के कमरे में चूहा मारा हुआ था। तमाम अगरबत्तियां जलाने के बावजूद जब बदबू नहीं गई तो पता चला कि कमरे के एक एसी में चूहा मरा हुआ है।पंजाब के राजस्व, पुनर्वास और आपदा प्रबंधन, जल संसाधन, जल आपूर्ति और सेनिटेशन मंत्री के तौर पर ब्रम शंकर जिम्पा ने अपना पदभार संभाल लिया। जिम्पा ने पदभार संभालने के बाद कहा कि आम लोगों को तहसील स्तर पर भ्रष्टाचार मुक्त, पारदर्शी, जिम्मेदार, जवाबदेह और आसान पहुंच वाला प्रशासन देने के लिए भ्रष्टाचार को जड़ से उखाड़ा जायेगा।

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि उनका मुख्य मकसद सरकारी दफ्तरों की कार्यकुशलता को बढ़ाना है। जिससे आम नागरिकों तक जरूरी सेवाएं आसानी से पहुंचाई जा सकें। उन्होंने कहा राजस्व विभाग के तहसील स्तरीय दफ्तरों में बढ़िया प्रशासन को यकीनी बनाया जाएगा। लोगों की सुविधा के लिए राजस्व रिकार्ड का अनुवाद भी किया जाएगा।

उन्होंने भरोसा दिया कि वह लोगों की आशाओं को पूरा करने के लिए हर संभव यत्न करेंगे। मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का मुख्य मंतव्य राज्य के कुदरती स्त्रोतों को बचाना होगा। भूजल के संरक्षण के लिए ठोस प्रयास किये जाएंगे और सरकार बारिश के पानी की संभाल के लिए बड़े स्तर पर प्रोजेक्टों को आगे लाएगी। सरकार जल आपूर्ति स्कीमों पर बिजली बिलों के बोझ को घटाने के लिए साधारण पावर पंपों को सौर ऊर्जा के साथ चलने वाले पंपों में तबदील करने की संभावनाएं तलाशी जाएंगी।