इमरान की सराहना पर विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने कहा, पाक पीएम से पहले भी कई नेताओं ने की है भारतीय कूटनीति की तारीफ

 

इमरान खान की सराहना पर विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने कहा। (एएनआइ)

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान द्वारा भारत की स्वतंत्र विदेश नीति के लिए सराहना करने के एक दिन बाद सोमवार को विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने कहा कि भारत को उसकी कई विदेश नीति की पहलकदमी के लिए दुनिया भर से प्रशंसा मिली है।

 ब्यूरो, नई दिल्ली। घरेलू राजनीति की झंझावत में फंसे पाकिस्तान के पीएम इमरान खान ने जिस तरह से भारतीय कूटनीति की तारीफ की है उसकी चर्चा पाकिस्तान से लेकर भारत में भी हो रहा है। इस बारे में जब विदेश सचिव हर्ष श्रृंगला से पूछा गया तो उन्होंने खास अंदाज में कहा कि, यह कहना गलत होगा कि सिर्फ एक ही विदेशी नेता भारतीय कूटनीति की सफलता की तारीफ कर रहा है। साथ ही श्रृंगला ने यह भी जोड़ा कि हमारी सफलता हमारी कहानी खुद कह रही है।  

पाक पीएम की प्रशंसा पर विदेश सचिव श्रृंगला का जवाब: हमारा रिकार्ड कहती है हमारी कहानी

उधर, इमरान खान के इस बयान पर पड़ोसी देश की मीडिया में भी जबरदस्त तवज्जो मिली है और 24 घंटे बाद भी वहां के न्यूज चैनलों में भारतीय कूटनीति की ही समीक्षा हो रही है। पीएम खान ने एक रैली को संबोधित करते हुए कहा था कि वह भारत की स्वतंत्र विदेश नीति को सलाम करना चाहते हैं जो अपने आवाम के हितों को देख कर बनती है। उन्होंने भारत के पीएम नरेन्द्र मोदी के क्वाड (अमेरिका, भारत, आस्ट्रेलिया व जापान के संगठन) की बैठक में शामिल होने और रूस से तेल खरीदने के फैसले का खास तौर पर जिक्र किया था।

विदेश सचिव श्रृंगला से इस पर प्रतिक्रिया पूछी गई तो उनका जवाब था कि, यह कहना गलत होगा कि सिर्फ एक व्यक्ति तारीफ (भारत की कूटनीति का) कर रहा है। हमने पहले भी कई वैश्विक नेताओं जिसमें प्रधानमंत्री भी हैं से अपनी विदेश नीति की प्रशंसा सुनी है। मुझे लगता है कि हमारा रिकार्ड हमारी कहानी स्वयं कहता है।

अगर पीएम इमरान खान से मिली इस प्रशंसा से पहले की बात देखें तो हाल ही में काप-26 की बैठक में भारत की तरफ से पर्यावरण सुरक्षा को लेकर उठाये गये कदमों और इसके पहले कोरोना महामारी से लड़ाई में दूसरे देशों को भारत ने जिस तरह से मदद दी गई उसकी वैश्विक स्तर पर काफी तारीफ हुई है। भारत की तरफ से दूसरे देशों को वैक्सीन प्रदान करने के फैसले का राष्ट्रपति जो बाइडन ने भी प्रशंसा की थी।