पर्यावरण संरक्षण के लिए मनाएंगे अर्थ आवर, एक घंटे तक नहीं जलेंगी गैर जरूरी लाइटें

 

आरडब्ल्यूए भी इसे लेकर स्वयं सजग दिख रहे हैं।

कालोनियों व सोसायटी की आरडब्ल्यूए ने लोगों से अपील की है कि वह अर्थ आवर के दौरान अपने घरों में मौजूद बिजली के उपकरणों को बंद कर दें। रोहिणी पीतमपुरा शालीमार बाग केशवपुरम समेत विभिन्न क्षेत्रों के लोग इस अर्थ आवर को लेकर जागरूक दिख रहे हैं।

नई दिल्ली,  संवाददाता। पर्यावरण संरक्षण और धरती को बचाने का संदेश देने के लिए शनिवार को अर्थ आवर मनाया जाएगा। इस दौरान स्थानीय स्तर पर इसको लेकर लोगों में जागरूकता देखने को मिल रही है। एक ओर बिजली वितरण कंपनी बीएसईएस ने अपने दक्षिण, पश्चिम, मध्य और पूर्वी दिल्ली में रहने वाले उपभोक्ताओं से ‘अर्थ आवर’ के दौरान बिजली उपकरणों और गैर-जरूरी लाइट बंद रखने का आग्रह किया है, वहीं दूसरी ओर उत्तरी व बाहरी दिल्ली के इलाकों के आरडब्ल्यूए भी इसे लेकर स्वयं सजग दिख रहे हैं।

आरडब्ल्यू ने लोगों से की अपील

क्षेत्र के विभिन्न कालोनियों व सोसायटी की आरडब्ल्यूए ने लोगों से अपील की है कि वह अर्थ आवर के दौरान अपने घरों में मौजूद बिजली के उपकरणों को बंद कर दें। रोहिणी, पीतमपुरा, शालीमार बाग, केशवपुरम समेत विभिन्न क्षेत्रों के लोग इस अर्थ आवर को लेकर जागरूक दिख रहे हैं।

एक घंटे तक बंद रखने की अपील

रोहिणी सेक्टर चार और पांच की कालोनी में आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष अतुल सिंघल ने बताया कि आरडब्ल्यूए की ओर से लोगों से यह अपील की गई है कि अर्थ आवर के दौरान घर की सभी लाइटें और बिजली के उपकरण बंद रखें। उन्होंने बताया कि अर्थ आवर के दौरान जब पूरी दुनिया में रात 8:30 से 9:30 बजे तक घर की लाइटें बंद रखेंगे तब उनकी कालाेनी में भी ऐसा ही किया जाएगी।

सभी कर रहे तैयारी

इसके अलावा अन्य कालोनी व अपार्टमेंट में रहने वाले लोग भी इस कार्य में योगदान के लिए तैयार हैं। रोहिणी सेक्टर नौ स्थित न्यू सरस्वती अपार्टमेंट के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष सचिन शर्मा ने भी यही कहा कि अर्थ आवर के दौरान सोसायटी के लोग भी गैर जरूरी लाइट को बंद रखा जाएगा।

क्या होता है अर्थ आवर

गौरतलब है कि अर्थ आवर को दुनिया भर में डब्लूडब्लूएफ यानी वर्ल्ड वाइड फंड फार नेचर की ओर से प्रत्येक वर्ष मनाया जाता है। इसके तहत दुनियाभर के लोगों से अपील की जाती है कि वो बदलते मौसम और बदलते जलवायु को देखते हुए, अपने घरों और आफिस की गैरजरूरी लाइट्स और बिजली से चलने वाले उपकरणों को लगभग एक घंटे के लिए बंद रखें।