फरीदाबादः बहुचर्चित 200 करोड़ के घोटाले में नगर निगम का ठेकेदार गिरफ्तार, छह दिन की रिमांड पर

 

नगर निगम में हुए 200 करोड़ के घोटाले का मुख्य आरोपी ठेकेदार सतवीर विजिलेंस की हिरासत में।

Faridabad MCD Scam फरीदाबाद नगर निगम में हुए 200 करोड़ के घोटाले में स्टेट विजिलेंस ब्यूरो ने एफआइआर दर्ज कर मुख्य आरोपी ठेकेदार सतवीर को गिरफ्तार किया है। विजिलेंस की टीम ने रिमांड पर लेकर सतवीर से पूछताछ करेगी।

नई दिल्ली,  संवाददाता। नगर निगम में करीब 200 करोड़ रुपये घोटाले के बहुचर्चित मामले में राज्य सतर्कता ब्यूरो (विजिलेंस) ने सतबीरा एंड सतबीरा फर्म के मालिक ठेकेदार सतबीर को गिरफ्तार किया है। विजिलेंस ने आरोपित को मंगलवार रात हरिद्वार से पकड़ा। उसे अदालत में पेश कर छह दिन की रिमांड पर लिया है। इस मामले की जांच के लिए विजिलेंस के पुलिस अधीक्षक अभिषेक जोरवाल ने उप अधीक्षक अनिल कुमार के नेतृत्व में तीन सदस्यी विशेष जांच दल (एसआइटी) का गठन भी कर दिया है।

यह घोटाला मई 2020 में उजागर हुआ था। फरीदाबाद नगर निगम के चार पार्षदों ने तत्कालीन निगम आयुक्त को शिकायत दी थी कि निगम के लेखा विभाग ने ठेकेदार सतबीर की विभिन्न फर्मों को बिना काम किए भुगतान कर दिया है। निगम आयुक्त ने अपने स्तर पर मामले की जांच कराई। ठेकेदार को भुगतान में अनियमितताएं पाए जाने पर उन्होंने विजिलेंस से जांच की सिफारिश की। साल 2020 से विजिलेंस इस मामले की जांच कर रही थी। अब विजिलेंस ने ठेकेदार सतबीर, कार्यकारी अभियंता प्रेमराज, कनिष्ठ अभियंता शेर सिंह, लिपिक पंकज कुमार, प्रदीप, लेखा शाखा लिपिक तस्लीम के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं के तहत अलग-अलग चार मुकदमे दर्ज किए हैं।

सूत्रों ने बताया कि विजिलेंस ने ठेकेदार सतबीर की चार फर्मों के बैंक खातों की जांच की है। खातों में नगर निगम की तरफ से 190 करोड़ रुपये का भुगतान मिला है। विजिलेंस जांच कर रही है कि इसमें कितने रुपये का काम ठेकेदार द्वारा किया गया और कितना रुपया उसे बिना काम किए मिला। विजिलेंस अधिकारियों का कहना है कि अभी इस मामले में शुरुआत हुई है। इसमें अभी और मुकदमे दर्ज होंगे और गिरफ्तारी होंगी। घोटाले में संलिप्त अन्य अधिकारियों के नाम भी जांच में शामिल किए जाएंगे।