कुल्लू में एसएसबी के 525 जवानों ने ली देशसेवा की शपथ; नेपाल, भारत, भूटान की सीमाओं की करेंगे सुरक्षा

 

कुल्लू के शमशी स्थित सशस्त्र सीमा बल के प्रशिक्षण केंद्र में प्रतिभा का प्रदर्शन करते जवान । जागरण

SSB Convocation Shamshi 44 सप्ताह के प्रशिक्षण के बाद सैनिक नेपाल भारत भूटान व अन्य प्रांतों की सीमाओं पर देश की रक्षा का जिम्मा संभालेंगे। जवानों ने प्रशिक्षण के दौरान सीखे गए युद्धाभ्यास जंगल युद्ध कला व सामूहिक व्यायाम का प्रदर्शन किया।

कुल्लू, संवाद सहयोगी। SSB Convocation Shamshi, सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के प्रशिक्षण केंद्र शमशी में प्रथम बीआटीसी आरक्षी (सामान्य) बैच के दीक्षा समारोह में 525 जवानों ने देशसेवा की शपथ ली। समारोह में केंद्रीयकृत प्रशिक्षण केंद्र एसएसबी सपड़ी के उप महानिरीक्षक विक्रम सिंह ठाकुर मुख्यातिथि थे। संदिशा परिवार की अध्यक्ष कविता ठाकुर ने समारोह में विशेष अतिथि के तौर पर शिरकत की। मुख्यातिथि ने पासिंग आउट परेड की सलामी ली। 

44 सप्‍ताह का कठिन प्रशिक्षण

प्रशिक्षुओं ने 44 सप्ताह के प्रशिक्षण के बाद सैनिक का दर्जा हासिल किया। अब ये सैनिक नेपाल, भारत, भूटान व अन्य प्रांतों की सीमाओं पर तैनाती देकर देश की रक्षा का जिम्मा संभालेंगे। समारोह के दौरान एसएसबी का हिस्सा बने जवानों ने प्रशिक्षण के दौरान सीखे गए युद्धाभ्यास, जंगल युद्ध कला व सामूहिक व्यायाम का प्रदर्शन किया। प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं में सराहनीय प्रदर्शन करने वाले आरक्षियों को मुख्यातिथि ने सम्मानित किया।

विभिन्‍न प्रतियोगिताओं में प्रतोष कुमार अव्‍वल

विभिन्न प्रतियोगिताओं में अव्वल रहे जवान प्रतोष कुमार ने बताया कि उन्होंने कठोर शारीरिक दक्षता, क्रास कंट्री, बीपीइटी, हथियार इस्तेमाल करने आदि का प्रशिक्षण लिया। मुख्यातिथि विक्रम सिंह ने कहा कि एसएसबी ऊंचाई वाले स्थानों पर देश की सीमाओं की रक्षा से लेकर आंतरिक सुरक्षा व आपदा प्रबंधन में तैनात है। वर्ष 1963 में स्थापना के बाद से ही एसएसबी के जवान निरंतर मातृभूमि की सेवा कर रहे हैं।