विराट कोहली को फार्म हासिल करनी है तो करना होगा कौन-सा काम, रवि शास्त्री ने दी सलाह

 

आरसीबी के पूर्व कप्तान विराट कोहली (फोटो एएनआई)

कोहली की बल्लेबाजी के बारे में अब टीम इंडिया के पूर्व हेड कोच रवि शास्त्री ने कहा है कि अगर उन्हें अपनी फार्म में वापसी करनी है तो इनिंग की शुरुआत में उन्हें ज्यादा अनुशासित और सावधान रहने की जरूरत है।

नई दिल्ली, आनलाइन डेस्क। आइपीएल 2022 में आरसीबी ने अब तक दो मैच खेले हैं और इसमें से पहले मुकाबले में यानी पंजाब किंग्स के खिलाफ विराट कोहली ने 29 गेंदों पर नाबाद 41 रन की पारी खेली थी। वहीं, दूसरे मैच में उन्होंने केकेआर के खिलाफ 12 रन बनाए थे और पहले मैच में जहां आरसीबी को जीत मिली थी तो वहीं दूसरे मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा था। केकेआर के खिलाफ कोहली अच्छी लय में दिख रहे थे, लेकिन बाहर जाती गेंद को खेलने के प्रयास में उन्होंने अपना विकेट गंवा दिया था। कोहली की बल्लेबाजी के बारे में अब टीम इंडिया के पूर्व हेड कोच रवि शास्त्री ने कहा है कि अगर उन्हें अपनी फार्म में वापसी करनी है तो इनिंग की शुरुआत में उन्हें ज्यादा अनुशासित और सावधान रहने की जरूरत है।

रवि शास्त्री ने ईएसपीएन क्रिकइन्फो से बात करते हुए कहा कि उन्हें बड़ी पारी खेलने के लिए खुद को मौका देना होगा। उन्हें अपने खेल में और ज्यादा सावधानी बरतने की जरूरत है। मैं बाहर से उनके खेल को देखता हूं और मुझे ऐसा लगता है कि वो हर गेंद को खेलना चाहते हैं। जब आप रन नहीं बना पाते हैं तो ऐसा होता है कि आप हरेक गेंद को खेलना चाहते हैं। वैसे पिच के हिसाब से खेल दिखाने की जरूरत है, क्योंकि जहां पर पिच में स्विंग या सिम हो तो फिर वहां थोड़ा सावधानी के साथ खेलना होगा साथ ही अनुशासन दिखाने की भी जरूरत है। अगर पिच पर गेंदबाज को मदद मिल रही है तो आप कुछ गेंदों को छोड़ भी सकते हैं। कोहली को खुद को समय देना चाहिए, बेशक उन्हें इसके लिए कुछ गेंदों को छोड़ना क्यों ना पड़े। 

शास्त्री ने विराट कोहली के आउट होने की तरीके के बारे में बात करते हुए कहा कि इसे अनुशासन और परिस्थितियों का सम्मान करते हुए ही बदला जा सकता है। उन्होंने कहा कि ये साउथ अफ्रीका से ही चल रहा है, क्योंकि जब तक वो क्रीज पर रहते हैं रन बनाते हैं। वो चार-पांच शाट बाउंड्री के लिए खेलते हैं और रन बनाने के चक्कर में आउट हो जाते हैं। आपको कंडीशन का सम्मान करना चाहिए और आप कुछ गेंदें छोड़ सकते हैं। वो बड़े खिलाड़ी हैं और रन व बाल के बीच के गैप को बाद में भर सकते हैं। कोहली को बस थोड़ा-सा अनुशासित होने की जरूरत है। इसके साथ ही टेस्ट क्रिकेट ही नहीं, हर प्रारूप में ध्यान केंद्रित करने की जरूरत है।