पीएम के मेक इन इंडिया की पकड़ी राह, नौकरी छोड़ कूलर इंडस्‍ट्री में रखा कदम, पाई सफलता

 

सेक्टर 25 की रहने वाली बेला भाटिया।

पानीपत की महिला कारोबारी बेला भाटिया। पीएम के मेक इन इंडिया के नारे से प्रेरित होकर बैंक की नौकरी छोड़कर कारोबार में कदम रखा। इसके बाद सफलता भी हासिल की। इसके साथ ही गरीब बच्‍चों को भी पढ़ाती हैं।

पानीपत,  संवाददाता। अगर आप ठान लें तो कोई भी राह मुश्किल नहीं। सेक्टर 25 की रहने वाली बेला भाटिया की सफलता का यही मूल मंत्र है। बैंक की नौकरी छोड़कर इन्होंने पति के साथ कारोबार संभाला। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जब मेक इन इंडिया की बात की तो उसी कदम पर चल पड़े। पहले कोरिया से इंडस्ट्री कूलर मंगाते थे। वही कूलर अब पानीपत में बनाने लगे हैं। बेला भाटिया ने कूलर के काम की जिम्मेदारी ली और इसे सफल भी किया। कदम यहीं नहीं रुके। अब बेटे व बेटी को भी मेक इन इंडिया की राह पर चला दिया है। वे दोनों भी अपनी कंपनी में दरवाजे और खिड़कियां बना रहे हैं। पहले यही कोरिया, चीन से मंगाते थे। अब कंपनी में 45 लोगों को रोजगार दिया हुआ है।

नारी सशक्तीकरण का उदाहरण बनीं मेगा स्टार कंपनी की निदेशक बेला भाटिया ने जहां कारोबार को संभाला, वहीं सामाजिक कार्यों में भी पीछे नहीं रहतीं। पानीपत की पहली ऐसी महिला हैं, जो आर्य केंद्रीय सभा की प्रधान हैं। इस सभा के अंतर्गत पानीपत के नौ आर्य समाज आते हैं। इसके अलावा हुडा आर्य समाज की प्रधान हैं।

जब कंपनी का फायदा बढ़ा दिया

बेला भाटिया ने जागरण से बातचीत में कहा कि वह सेंट्रल बैंक में नौकरी करतीं थीं। पति राकेश भाटिया विदेश में रहते थे। इलेक्ट्रानिक उत्पाद आयात करते थे। पानीपत में जिनके जिम्मे काम होता था, वे लापरवाही बरतते। उन्होंने दो महीने की छुट्टी लेकर काम संभाला। पहले ही महीने कंपनी का फायदा पांच लाख रुपये बढ़ा दिया। कमियों को दूर किया। इसके बाद बैंक की नौकरी छोड़ दी। मेक इन इंडिया का उद्देश्य पूरा करने के लिए इंडस्ट्री कूलर यहीं बनाने शुरू किए। पहले उत्पाद खरीदने के लिए खुद चीन जाती थी। कोरोना के बाद ये बंद हो गया। अब अपने ही उत्पाद तैयार कर रहे हैं।

महिलाओं को बिजनेस में आने के लिए प्रेरित करती हैं

बेला भाटिया ने बताया कि देशभर में उनकी कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर हैं। उनके डिस्ट्रीब्यूटर उन्हें देखकर अपनी पत्नी को लेकर आते हैं। वह महिलाओं को प्रेरित करती हैं कि कंपनी संभालो। उनकी प्रेरणा से कंपनी की डीलरशिप में आठ महिलाएं जुड़ गई हैं। महिलाओं को आगे बढ़ाने के अवसर देने ही होंगे।

हर रोज करती हैं हवन, झुग्गी में पढ़ाती हैं

आर्य समाज की प्रधान बेला भाटिया हर रोज घर पर हवन करती हैं। बेटी मेघा झुग्गी के बच्चों के लिए स्कूल चलाती हैं। उस स्कूल में पढ़ाने जाती हैं। कोरोना के वक्त मास्क बांटे। लंगर लगाया। सेक्टरों की फैक्ट्रियों में काम करने वालों को भूखा नहीं सोने दिया। भारतीय जनता पार्टी से जुड़ी हैं। भाजपा के महिला मोर्चा में प्रदेश की कोषाध्यक्ष हैं।