गन्ना मशीन उठाने की यह वीडियो जयपुर की नहीं बल्कि नोएडा की है, भ्रामक दावा हो रहा वायरल

 

Fact Check: गन्ना मशीन उठाने की यह वीडियो जयपुर की नहीं बल्कि नोएडा की है, भ्रामक दावा हो रहा वायरल

वायरल वीडियो की पड़ताल के लिए विश्वास न्यूज ने सबसे पहले वीडियो में से कुछ की फ्रेम्स निकालकर उनको गूगल रिवर्स इमेज से सर्च किया। इसमें oneindia पर 24 मार्च को प्रकाशित खबर का लिंक मिला। इसमें वीडियो की दो तस्वीरें भी अपलोड की गई हैं।

नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। सोशल मीडिया यूजर्स 3.13 सेकंड का एक वीडियो शेयर कर रहे हैं। इसमें कुछ अधिकारी व कर्मचारी गन्ने का जूस निकालने वाले का कोल्हू उठाते दिख रहे हैं। यूजर्स दावा कर रहे हैं कि यह मामला राजस्थान के जयपुर का है, जबकि कुछ इसे मध्य प्रदेश के इंदौर का वीडियो बता रहे हैं।  फैक्ट चेकिंग वेबसाइट 'विश्वास न्यूज' ने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल वीडियो उत्तर प्रदेश के नोएडा का है। नोएडा प्राधिकरण ने अतिक्रमण हटाने के दौरान यह कार्रवाई की थी। बाद में कोल्हू मालिक को उसकी मशीन वापस कर दी गई थी। इस घटना का राजस्थान और मध्य प्रदेश से कोई संबंध नहीं है।

वायरल वीडियो की पड़ताल के लिए 'विश्वास न्यूज' ने सबसे पहले वीडियो में से कुछ की फ्रेम्स निकालकर उनको गूगल रिवर्स इमेज से सर्च किया। इसमें oneindia पर 24 मार्च को प्रकाशित खबर का लिंक मिला। इसमें वीडियो की दो तस्वीरें भी अपलोड की गई हैं। खबर के मुताबिक, वायरल वीडियो नोएडा का है। कोल्हू के मालिक का नाम सतीश गुर्जर है। सतीश नोएडा के सेक्टर-42 में गन्ने का जूस बेचते हैं। अतिक्रमण हटाने के दौरान नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों ने यह कार्रवाई की थी। 23 मार्च 2022 को फिल्ममेकर एवं पत्रकार Vinod Kapri ने 23 मार्च 2022 को इस वीडियो को अपलोड करते हुए लिखा है, 400 रुपये की दिहाड़ी कमाने वाले सतीश गुर्जर नोएडा के अफ़सरों के सामने रोते रहे पर इस देश में गरीब की कौन सुनता है? कम से कम उनकी मशीन तो नहीं तोड़ते।

25 मार्च को abplive में छपी खबर के अनुसार, 23 मार्च को डीएससी रोड पर नॉन वेंडिंग जोन में कोल्हू लगाने पर नोएडा प्राधिकरण ने उसे जब्त कर लिया था। उसके मालिक का नाम सतीश गुर्जर है। अब प्राधिकरण ने सतीश को कोल्हू वापस कर दिया है। उसको सेक्टर—50 में वेंडिंग जोन में जगह दी गई है। इस बारे में नोएडा प्राधिकरण देख रहे दैनिक जागरण के रिपोर्टर कुंदन का कहना है, वीडियो नोएडा का है। नोएडा प्राधिकरण की यह रूटीन कार्रवाई थी। पेनल्टी भरने के बाद सतीश को उसका कोल्हू लौटा दिया गया था।